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आरसेटी ग्रामीण युवाओं और महिलाओं को हुनरमंद बनाने को निभा रहा महत्वपूर्ण भूमिका

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 26 सितंबर 2026 👁️ 1 बार पढ़ा गया
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
आरसेटी ग्रामीण युवाओं और महिलाओं को हुनरमंद बनाने को निभा रहा महत्वपूर्ण भूमिका

अगस्त 10, कांगड़ा (हिमाचल प्रदेश): ग्रामीण युवाओं और महिलाओं को हुनरमंद बनाकर उन्हें रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ने में पंजाब नेशनल बैंक ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान यानी आरसेटी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। प्रशिक्षण के साथ-साथ युवाओं को व्यवसाय शुरू करने और बैंकिंग सुविधाओं की जानकारी भी दी जा रही है।

धर्मशाला के सिद्धबाड़ी की सुनीता कुमारी ने गहने डिजाइन करने का प्रशिक्षण लेकर अपना व्यवसाय शुरू किया। डाढ़ की रेखा देवी ने प्रशिक्षण के बाद ब्यूटी पार्लर शुरू किया। वहीं जमानाबाद की प्रेमलता और सुदेशना कुमारी ने अगरबत्ती और धूप बनाने का प्रशिक्षण लेकर महिला मंडल समूह के साथ स्वरोजगार शुरू किया।

आरसेटी से अब तक 394 प्रशिक्षण बैचों में 10 हजार 620 युवाओं और महिलाओं को प्रशिक्षण दिया जा चुका है। इनमें 7 हजार 408 प्रशिक्षार्थी रोजगार या स्वरोजगार से जुड़ चुके हैं। 6 हजार 428 प्रशिक्षार्थियों ने स्वरोजगार अपनाया है, जबकि 3 हजार 175 को क्रेडिट लिंकेज उपलब्ध करवाया गया है। संस्थान में मशरूम उत्पादन, ब्यूटी एवं पर्सनल केयर, जूट उत्पाद, अगरबत्ती निर्माण, कटिंग-टेलरिंग, मोबाइल रिपेयर, कंप्यूटर, कृषि उद्यमिता और बैंक मित्र सहित कई रोजगारपरक प्रशिक्षण दिए जा रहे हैं।

प्रशिक्षण के दौरान रहने और खाने की व्यवस्था भी निःशुल्क रहती है। वर्ष 2025-26 में 30 बैचों में 838 प्रशिक्षार्थियों को प्रशिक्षण दिया गया। अब इस वित्त वर्ष में एक हजार लोगों को प्रशिक्षण देने का लक्ष्य रखा गया है। आरसेटी की यह पहल ग्रामीण युवाओं और महिलाओं को हुनर के साथ आत्मनिर्भरता का रास्ता दिखा रही है।

प्रशिक्षण से शुरू हुआ यह सफर अब कई परिवारों के लिए आर्थिक मजबूती और रोजगार का जरिया बन रहा है।

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Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan वॉयस ऑफ क्रांति के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।