अमेरिका के साथ युद्ध तभी खत्म हो, जब हमारा पलड़ा भारी हो; ईरान के राष्ट्रपति की दो टूक

पेजेश्कियन ने ईरान में बढ़ते जन-असंतोष को भी स्वीकार किया, जहां युद्ध के कारण गंभीर आर्थिक कठिनाइयां और बढ़ गयी हैं। उन्होंने कहा कि अगर समाज में असंतोष या शिकायतें हैं, तो इसका मतलब है कि हमने उस तरह काम नहीं किया जैसा हमें करना चाहिए था।
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