बंद होगी देश की बड़ी वैक्सीन PSU कंपनी, केंद्रीय कैबिनेट ने दी हरी झंडी
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बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक हुई है.
इस बैठक में कई अहम मुद्दों पर बात हुई और फैसला भी किया गया है. इस मीटिंग के दौरान ही BIBCOL के पीएसयू पर सरकार ने अहम फैसला किया है.
जिसके तहत अब सरकार वैक्सीन और बायोलॉजिकल बनाने वाली इस कंपनी के पीएसयू को पूरी तरह से बंद करने वाली है.
सरकारी कंपनी होगी बंद सूत्रों के मुताबिक, बुधवार को हुई इस केंद्रीय कैबिनेट की बैठक ने वैक्सीन और बायोलॉजिकल बनाने वाली सरकारी कंपनी (PSU) 'भारत इम्यूनोलॉजिकल एंड बायोलॉजिकल कॉर्पोरेशन लिमिटेड' (BIBCOL) को बंद करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है.
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क्यों लिया गया ये फैसला?
BIBCOL कंपनी को लगातार नुकसान हुआ जिसकी वजह से आर्थिक तंगी के कारण कंपनी ने कर्मचारियों को लंबे समय तक वेतन नहीं दिया.
जिसके कारण इस कंपनी को बंद करने का फैसला किया जा रहा है.
हालांकि BIBCOL को पहले भी कामकाज, प्रशासन और आर्थिक मोर्चे पर गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ा है.
BIBCOL के बारे में बता दें कि BIBCOL एक सरकारी कंपनी है जो वैक्सीन और बायोलॉजिकल प्रोडक्ट्स बनाती है. इस कंपनी की स्थापना 1989 में हुई थी.
कंपनी का मुख्य प्लांट उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर जिले के चोला में स्थित है.
इसकी मुख्य मैन्युफैक्चरिंग यूनिट ने 2022 के आखिर में अपने मुख्य प्रोडक्ट, ओरल पोलियो वैक्सीन (OPV) का उत्पादन बंद कर दिया था. इसके बाद से ही कंपनी को काफी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा था.
गौरतलब है कि ये कंपनी बच्चों के लिए पोलियो वैक्सीन (OPV), जिंक टैबलेट, डायरिया मै
📡 स्रोत: ABP Live Vyapar
💡 पृष्ठभूमि (Background)
बायोलॉजिकल वैक्सीन बनाने वाली BIBCOL को बंद करने का निर्णय केंद्रीय कैबिनेट ने लिया है। यह कदम भारत की स्वदेशी वैक्सीन उत्पादन क्षमता पर बड़ा प्रभाव डाल सकता है। सरकार ने इस निर्णय को महामारी के दौरान स्वावलंबन और लागत नियंत्रण के संदर्भ में उचित बताया है। यदि कंपनी बंद हो जाती है, तो वैक्सीन की आपूर्ति में अस्थिरता आ सकती है और स्वास्थ्य विभाग को वैकल्पिक स्रोत ढूंढने होंगे। आम जनता पर इसका असर वैक्सीन की उपलब्धता और कीमतों में बदलाव के रूप में महसूस हो सकता है, खासकर ग्रामीण और दूरस्थ इलाकों म