अपराध

बीकानेर में 372 कांस्टेबल पास आउट, जयपुर पुलिस में देंगे सेवाएं

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 16 अक्टूबर 2026
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
बीकानेर में 372 कांस्टेबल पास आउट, जयपुर पुलिस में देंगे सेवाएं

पुलिस ट्रेनिंग स्कूल बीकानेर में दीक्षांत परेड समारोह आयोजित, 372 प्रशिक्षु कांस्टेबल हुए पास आउट, आठ माह के प्रशिक्षण पश्चात अब जयपुर पुलिस में देंगे सेवाएं, 90 महिला और 282 पुरुष प्रशिक्षु शामिल

बीकानेर, 16 अक्टूबर | पुलिस प्रशिक्षण स्कूल (पीटीएस), बीकानेर में शुक्रवार को दीक्षांत परेड समारोह आयोजित किया गया। समारोह में आठ माह का प्रशिक्षण पूरा करने वाले 372 प्रशिक्षु कांस्टेबल पास आउट हुए। इनमें 282 पुरुष और 90 महिला प्रशिक्षु शामिल हैं। विशेष बात यह रही कि इनमें 52 पूर्व सैनिक भी हैं। प्रशिक्षण पूरा करने के बाद ये सभी जवान जयपुर पुलिस में अपनी सेवाएं देंगे।

समारोह के मुख्य अतिथि अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (कार्मिक) बीजू जॉर्ज जोसेफ आईपीएस रहे। इस अवसर पर बीएसएफ के डीआईजी अजय लूथरा, बीकानेर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक ओमप्रकाश, पुलिस अधीक्षक मृदुल कच्छावा तथा पीटीएस कमांडेंट कैलाश सिंह सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। परेड कमांडर हंसा चौधरी के नेतृत्व में प्रशिक्षुओं ने अनुशासित और आकर्षक मार्चपास्ट किया। मुख्य अतिथि बीजू जॉर्ज जोसेफ ने परेड का निरीक्षण किया। इसके बाद प्रशिक्षुओं ने कर्तव्यनिष्ठा, अनुशासन और जनसेवा की शपथ ली।

अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (कार्मिक) बीजू जॉर्ज जोसेफ ने कहा कि आज पास आउट हुए प्रशिक्षुओं को भारत सरकार के गृह मंत्रालय द्वारा लागू किए गए नए मॉडल सिलेबस के अनुसार प्रशिक्षण दिया गया है। पुलिस के सामने उभर रही नई चुनौतियों का सामना करने के लिए उन्हें तैयार किया गया है। नए आपराधिक कानूनों के संबंध में उचित प्रशिक्षण देने के साथ ही पुलिसिंग में तकनीक के अधिकाधिक उपयोग और साइबर अपराधों से निपटने पर विशेष ध्यान दिया गया है। प्रशिक्षुओं को उत्कृष्ट पुलिसिंग के लिए तैयार करके भेजा गया है, ताकि वे अपनी जिम्मेदारियों का प्रभावी ढंग से निर्वहन कर सकें।

उन्होंने कहा कि राजस्थान पुलिस के सामने मादक पदार्थों की तस्करी, सीमा पार से होने वाली तस्करी, गैंगस्टरों की गतिविधियों, संगठित अपराध के नेटवर्क को तोड़ने तथा साइबर अपराध जैसी उभरती चुनौतियां हैं। तकनीक के दुरुपयोग से होने वाले अपराधों से निपटना भी पुलिस के लिए महत्वपूर्ण चुनौती है। प्रशिक्षण के दौरान इन सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जवानों को तैयार किया गया है।

जोसेफ ने बताया कि जयपुर पुलिस की आवश्यकताओं के अनुरूप प्रशिक्षुओं को आगे भी प्रशिक्षण दिया जा रहा है। जयपुर पुलिस लाइन में सॉफ्ट स्किल्स पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, ताकि पुलिसकर्मी आमजन से बेहतर संवाद स्थापित कर सकें और संवेदनशीलता के साथ अपनी ड्यूटी निभा सकें।

दीक्षांत समारोह के दौरान 165 प्रशिक्षुओं ने जर्मन सेना की ड्रिल पद्धति के अनुरूप जर्मन ड्रिल का प्रदर्शन किया। इसके अलावा सेल्फ लोडिंग राइफल के माध्यम से भी प्रशिक्षुओं ने अपनी दक्षता का प्रदर्शन किया। समारोह में अनुशासन, शारीरिक दक्षता और हथियार संचालन के कौशल का प्रदर्शन आकर्षण का केंद्र रहा।

बाइट - बीजू जॉर्ज जोसेफ, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक कार्मिक

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Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan वॉयस ऑफ क्रांति के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।