राजनीति

बीकानेर पहुंचे पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 13 अक्टूबर 2026
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
बीकानेर पहुंचे पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत

नाल एयरपोर्ट पर कांग्रेस नेताओं ने किया स्वागत, प्रेस कॉन्फ्रेंस में चुनाव प्रक्रिया पर जताई चिंता

बीकानेर, 13 अक्टूबर। राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत मंगलवार को बीकानेर पहुंचे। नाल एयरपोर्ट पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं, जनप्रतिनिधियों और पार्टी पदाधिकारियों ने उनका स्वागत किया। इसके बाद गहलोत नाल स्थित स्काई बर्ड रिसॉर्ट पहुंचे, जहां उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) की विश्वसनीयता और मतदाता सूची में नामों से जुड़े मुद्दे उठाए। उन्होंने चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने और लोकतांत्रिक व्यवस्था में जनता का विश्वास बनाए रखने पर जोर दिया।

नाल एयरपोर्ट पर पूर्व मंत्री डॉ. बीडी कल्ला, गोविन्दराम मेघवाल, विधायक सुशीला डूडी, महापौर अनिल कल्ला, शहर कांग्रेस अध्यक्ष मदनगोपाल, देहात कांग्रेस अध्यक्ष बिशनाराम, पूर्व विधायक सोहन नायक, महेंद्र गहलोत और मकसूद अहमद सहित कांग्रेस के कई नेता मौजूद रहे। नेताओं ने गहलोत का स्वागत किया और उनके बीकानेर दौरे को लेकर पार्टी कार्यकर्ताओं में उत्साह नजर आया।प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान गहलोत ने EVM की विश्वसनीयता पर सवाल उठाते हुए चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता को लेकर अपनी चिंताएं जाहिर कीं।

उन्होंने दावा किया कि मशीनों में छेड़छाड़ की संभावनाओं पर सवाल उठते रहे हैं। हरियाणा के चुनावों का उल्लेख करते हुए उन्होंने हजारों वोटों में गड़बड़ी होने का आरोप लगाया। इसके साथ ही उन्होंने महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल के चुनावों का जिक्र करते हुए चुनाव व्यवस्था में पारदर्शिता की आवश्यकता पर जोर दिया।

हालांकि, इन आरोपों के समर्थन में विस्तृत साक्ष्य इस प्रेस कॉन्फ्रेंस के उपलब्ध विवरण में सामने नहीं आए। मतदाता सूची में नामों को लेकर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची से किसी भी पात्र मतदाता का नाम नहीं कटना चाहिए। उन्होंने फॉर्म-6 के इस्तेमाल से जुड़े सवाल उठाते हुए मतदाता सूची तैयार करने और उसमें संशोधन की प्रक्रिया को पारदर्शी बनाए रखने की जरूरत बताई।

उनके अनुसार, मतदाता सूची में किसी भी प्रकार की त्रुटि या पात्र मतदाताओं के नाम हटने की आशंका को गंभीरता से लिया जाना चाहिए।

गहलोत ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर भी राजनीतिक बहस का उल्लेख किया। उन्होंने उनके खिलाफ इस्तीफे और महाभियोग की मांग उठने का जिक्र करते हुए चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि चुनाव प्रक्रिया को लेकर उठने वाली शंकाओं का समाधान होना चाहिए, ताकि लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति जनता का भरोसा कायम रहे।गहलोत ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए जरूरी है कि प्रत्येक मतदाता को अपने मत के महत्व और चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता पर विश्वास हो। उन्होंने चुनाव व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर बल दिया।

पूर्व मुख्यमंत्री की इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में EVM, मतदाता सूची और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली प्रमुख मुद्दे रहे। उनके बयानों से एक बार फिर चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता को लेकर राजनीतिक बहस तेज होने के संकेत मिले।

बाइट : अशोक गहलोत पूर्व मुख्यमंत्री, राजस्थान

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Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan वॉयस ऑफ क्रांति के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।