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चुनाव में धांधली की सूचना देने पर मिलेंगे 8.8 करोड़ रुपये, मिडटर्म इलेक्शन से पहले राष्ट्रपति ट्रंप का बड़ा एलान

लेखक: JKS News Desk अंतिम अपडेट: 27 अक्टूबर 2026
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
चुनाव में धांधली की सूचना देने पर मिलेंगे 8.8 करोड़ रुपये, मिडटर्म इलेक्शन से पहले राष्ट्रपति ट्रंप का बड़ा एलान

US Midterm Elections: अमेरिका में मिडटर्म चुनाव से पहले राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वोटर फ्रॉड को लेकर बड़ा ऐलान किया है.

उन्होंने चुनावी धोखाधड़ी के ऐसे सबूत देने वालों को 10 लाख डॉलर यानी करीब 8.8 करोड़ रुपये का इनाम देने की बात कही है, जिनकी मदद से आरोपियों को गिरफ्तार कर दोषी ठहराया जा सके.

ऐसे में सवाल है कि आखिर ट्रंप ने इतना बड़ा इनाम क्यों घोषित किया और इसका चुनावी माहौल पर क्या असर पड़ सकता है?

ट्रंप का यह ऐलान ऐसे समय आया है, जब 3 नवंबर को होने वाले चुनावों में अमेरिकी संसद के दोनों सदनों पर नियंत्रण को लेकर मुकाबला तेज है. ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर पोस्ट कर यह घोषणा की.

हालांकि, इनाम देने की प्रक्रिया और इसके लिए रकम कहां से आएगी, इस बारे में अभी विस्तृत जानकारी नहीं दी गई है.

ट्रंप ने अपनी पोस्ट में कहा कि पिछले चुनावों या 2026 में होने वाले मिडटर्म चुनावों में वोटर फ्रॉड की जानकारी देने वालों को इनाम मिलेगा.

उन्होंने कहा कि धोखाधड़ी करने वालों की गिरफ्तारी और उन्हें सजा मिलने पर 10 लाख डॉलर दिए जाएंगे. 3 नवंबर को होंगे मिडटर्म चुनाव अमेरिका में 3 नवंबर को मिडटर्म चुनाव होने हैं.

ये चुनाव राष्ट्रपति के चार साल के कार्यकाल के बीच में होते हैं.

इनमें प्रतिनिधि सभा की सभी 435 सीटों और सीनेट की करीब एक-तिहाई सीटों के लिए मतदान होता है.

इनके नतीजों से तय होगा कि अमेरिकी संसद के दोनों सदनों में किस पार्टी की स्थिति मजबूत रहेगी. इन चुनावों का असर ट्रंप के फैसलों और उनकी सरकार के कामकाज पर भी पड़ सकता है.

संसद में बहुमत होने से राष्ट्रपति को अपने एजेंडे और प्रस्तावों को आगे बढ़ाने में मदद मिलती है.

ट्रंप की लोकप्रियता भी चर्चा में मिडटर्म चुनाव से पहले ट्रंप की लोकप्रियता को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं.

वॉल स्ट्रीट जर्नल के सितंबर 2026 के सर्वे में उनकी अप्रूवल रेटिंग 37 फीसदी दर्ज की गई थी.

यह अखबार के 1990 से शुरू हुए सर्वे रिकॉर्ड में मिडटर्म चुनाव से पहले किसी राष्ट्रपति की सबसे कम रेटिंग बताई गई. सर्वे में 16 से 21 सितंबर के बीच 1,500 पंजीकृत मतदाताओं की राय ली गई थी.

📡 स्रोत: NewsData.io

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