अपराध

देवास- बैंक अधिकारी बनकर पेंशन कार्ड अपडेट एवं टैक्स में छूट का झांसा देकर सेवानिवृत्त कर्मचारी से 6 लाख रूपए की हुई थी ठगी

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 15 अक्टूबर 2026
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
देवास- बैंक अधिकारी बनकर पेंशन कार्ड अपडेट एवं टैक्स में छूट का झांसा देकर सेवानिवृत्त कर्मचारी से 6 लाख रूपए की हुई थी ठगी

थाना कोतवाली, देवास क्षेत्र निवासी 62 वर्षीय सेवानिवृत्त कर्मचारी को साइबर ठगों ने बैंक अधिकारी बनकर संपर्क किया। ठगों ने पेंशन कार्ड अपडेट कराने तथा टैक्स में छूट दिलाने का झांसा देकर उनसे कुल6 लाख 3 हजार रूपए की राशि विभिन्न माध्यमों से अपने खाते में ट्रांसफर करा ली। शिकायत प्राप्त होने पर थाना कोतवाली में प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ की गई।

प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक पुनीत गेहलोद के निर्देशन में विशेष पुलिस टीम गठित की गई। टीम द्वारा साइबर ठगी से संबंधित बैंकिंग लेनदेन, मोबाइल नंबरों तथा अन्य तकनीकी साक्ष्यों का सूक्ष्म विश्लेषण किया गया। तकनीकी साक्ष्यों से प्राप्त जानकारी के आधार पर पुलिस टीम बिहार के कटिहार जिले पहुंची और आरोपी की पतारसी करते हुए उसे गिरफ्तार किया। आरोपी की निशानदेही पर उसके घर की अलमारी से साइबर ठगी की राशि में से 5 लाख रूपए नगद विधिवत जब्‍त किए।

गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ तथा विवेचना में प्राप्त तकनीकी एवं अन्य साक्ष्यों के आधार पर साइबर ठगी गिरोह के मुख्य आरोपियों का संबंध जामताड़ा, झारखंड से होने की जानकारी सामने आई है। पुलिस द्वारा गिरोह के अन्य सदस्यों, उनके बैंक खातों, डिजिटल लेनदेन तथा ठगी की शेष राशि के संबंध में विस्तृत जांच की जा रही है।

उल्‍लेखनीय है कि जिले में साइबर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण और पीड़ितों की राशि वापस दिलाने के उद्देश्य से संचालित “ऑपरेशन साइबर” के तहत जिला साइबर सेल द्वारा लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में ई जीरो एफआईआर के तहत अब तक कुल 130 प्रकरण पंजीबद्ध किए गए हैं, जिनमें 26 आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं तथा आरोपियों से लगभग 98 लाख 52 हजार रूपए की राशि जब्‍त की गई है।

मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा साइबर अपराधों में त्वरित कार्रवाई, तकनीकी साक्ष्यों के प्रभावी उपयोग, अंतर्राज्यीय साइबर नेटवर्क की पहचान तथा पीड़ितों की राशि सुरक्षित कराने के लिए लगातार समन्वित कार्रवाई की जा रही है।

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Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan वॉयस ऑफ क्रांति के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।