जिस दिन राखी नहीं, मनाया जाता है मातम, जानें श्रावणी पूर्णिमा की वो खौफनाक घटना जिसने बना दिया ‘शोक दिवस’

Pali Hindi News: रक्षाबंधन खुशियों, भाई-बहन के प्रेम और सुरक्षा के संकल्प का पर्व है, लेकिन एक समाज के लिए श्रावणी पूर्णिमा का दिन आज भी दर्दनाक यादों से जुड़ा है. इतिहास में घटी एक भयावह घटना ने इस पवित्र दिन का रंग बदल दिया. इस घटना की स्मृति में आज भी लोग रक्षाबंधन के बजाय शोक मनाते हैं.
📡 स्रोत: News18 Hindi