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डिंडौरी- कलेक्टर ने पशुपालन एवं डेयरी विभाग की योजनाओं और प्रगति की समीक्षा की

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 17 सितंबर 2026 👁️ 1 बार पढ़ा गया
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
डिंडौरी- कलेक्टर ने पशुपालन एवं डेयरी विभाग की योजनाओं और प्रगति की समीक्षा की

बैठक में डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु योजना, आचार्य विद्यासागर गौ-संवर्धन योजना, मुख्यमंत्री डेयरी प्लस योजना, वर्ष 2026-27 के लिए नवीन किसान क्रेडिट कार्ड के लक्ष्य एवं पूर्ति, पशु चिकित्सा एम्बुलेंस एवं मोबाइल चिकित्सा सेवा, आधार अपडेशन, कृत्रिम गर्भाधान, सेक्स सॉर्टेड सीमन, जिले में संचालित गौशालाओं तथा लखपति गौपालक दीदी योजना की प्रगति की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को योजनाओं का लाभ अधिक से अधिक पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाने तथा निर्धारित लक्ष्यों की समय-सीमा में पूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

समीक्षा के दौरान बताया गया कि जिले में 1 अप्रैल 2026 से 31 अगस्त 2026 तक पशु उपचार के लिए निर्धारित 1 लाख 21 हजार 50 के लक्ष्य के विरुद्ध 1 लाख 23 हजार 150 पशुओं का उपचार किया गया है। इस प्रकार जिले ने निर्धारित लक्ष्य के विरुद्ध 102 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की है। इसी प्रकार पशु टीकाकरण के लिए निर्धारित 2 लाख 89 हजार 690 के लक्ष्य के विरुद्ध 5 लाख 17 हजार 903 पशुओं का टीकाकरण किया गया, जो लक्ष्य का 179 प्रतिशत है।

कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया ने ई-केवाईसी कार्य में अपेक्षित प्रगति लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के दौरान गौशालाओं को आदर्श गौशाला के रूप में विकसित किया जाए। जिले की सभी गौशालाओं में आवश्यक व्यवस्थाएं दुरुस्त रहें तथा पशु चिकित्सक प्रतिदिन गौशालाओं का भ्रमण कर पशुओं के स्वास्थ्य एवं व्यवस्थाओं की निगरानी करें।

कलेक्टर ने सभी गौशालाओं में सूचना पटल अनिवार्य रूप से लगाने के निर्देश दिए। सूचना पटल पर गौशाला में उपलब्ध पशुओं की संख्या एवं कार्यरत कर्मचारियों के नाम सहित आवश्यक जानकारी प्रदर्शित की जाए। उन्होंने कहा कि गौशाला भवन परिसर स्वच्छ, व्यवस्थित एवं सुंदर होना चाहिए, ताकि गौशालाएं जन विश्वास अभियान में जिले के लिए एक आदर्श उदाहरण प्रस्तुत कर सकें।

उन्होंने विभागीय अधिकारियों को अपने कार्यालय के प्रवेश द्वार एवं कार्यालय परिसर की साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने के निर्देश देते हुए कहा कि कार्यालय का प्रवेश द्वार देखने योग्य और परिसर स्वच्छ एवं व्यवस्थित होना चाहिए। साफ-सफाई केवल व्यवस्था का हिस्सा नहीं, बल्कि कार्य के प्रति गंभीरता और प्रगति को भी प्रदर्शित करती है।

कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया ने विभागीय योजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग करने, पशुपालकों को समय पर पशु चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराने तथा पशुधन के स्वास्थ्य एवं संरक्षण के लिए प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

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Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan वॉयस ऑफ क्रांति के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।