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एथलीट धर्मवीर चौधरी का पैतृक गांव में जोरदार स्वागत

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 8 अक्टूबर 2026
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
एथलीट धर्मवीर चौधरी का पैतृक गांव में जोरदार स्वागत

एशियन गेम्स में 4×400 मीटर रिले में कांस्य पदक जीतकर लौटे धर्मवीर का ग्रामीणों ने किया जोरदार स्वागत, अब ओलंपिक पर नजर

टोंक, 8 अक्टूबर। जिले के हाड़ी खुर्द गांव के एथलीट धर्मवीर चौधरी एशियन गेम्स में भारत के लिए कांस्य पदक जीतकर अपने पैतृक गांव लौटे तो ग्रामीणों ने उनका जोरदार स्वागत किया। गांव पहुंचते ही साथी खिलाड़ियों और ग्रामीणों ने धर्मवीर को कंधों पर उठा लिया। महिलाओं ने नृत्य कर खुशी जताई और मिठाई खिलाकर पदक विजेता का सम्मान किया।

जापान में आयोजित एशियन गेम्स में पुरुषों की 4×400 मीटर रिले में कांस्य पदक जीतने वाली भारतीय टीम के सदस्य धर्मवीर चौधरी के गांव पहुंचने से पहले जयपुर से टोंक तक जगह-जगह उनका सम्मान किया गया। हाड़ी खुर्द पहुंचने पर स्थानीय एथलीट्स और ग्रामीण उन्हें कंधों पर उठाकर स्वागत मंच तक लेकर पहुंचे।

सेना में हवलदार के पद पर तैनात धर्मवीर का खेल सफर गांव की सड़कों और टोंक के खेल स्टेडियम से शुरू हुआ था। सेना में भर्ती होने के सपने के साथ उन्होंने दौड़ना शुरू किया और वर्ष 2022 में स्पोर्ट्स कोटे से सेना में नौकरी हासिल की। इसके बाद राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लगातार बेहतर प्रदर्शन करते हुए उन्होंने अपनी पहचान बनाई।

धर्मवीर इससे पहले कोरिया में आयोजित एशियन एथलेटिक्स चैंपियनशिप में भी 4×400 मीटर रिले में सिल्वर मेडल जीत चुके हैं। एशियन गेम्स में भारतीय टीम ने गोल्ड मेडल के लिए पूरी ताकत झोंक दी थी, लेकिन बेहद मामूली अंतर से स्वर्ण पदक हाथ से निकल गया। धर्मवीर के अनुसार मेडल सेरेमनी के बाद कोच और एथलेटिक्स एसोसिएशन के अधिकारियों ने टीम के प्रदर्शन को लेकर खिलाड़ियों को फटकार भी लगाई, क्योंकि सभी को स्वर्ण पदक की उम्मीद थी।

हालांकि कांस्य पदक जीतने की खुशी भी टीम के साथ रही।

धर्मवीर ने बताया कि उनके इवेंट से एक दिन पहले भारतीय महिला रिले टीम के प्रदर्शन ने उन्हें काफी प्रेरित किया। खास तौर पर विथ्या रामराज की दौड़ से उन्हें उत्साह मिला। उन्होंने कहा कि विथ्या रामराज आने वाले समय में देश के लिए कई और पदक जीत सकती हैं। गांव लौटने के बाद मीडिया से बातचीत में धर्मवीर ने कहा कि अब उनका लक्ष्य आगामी अंतरराष्ट्रीय एथलेटिक्स चैंपियनशिप के साथ ओलंपिक में देश के लिए पदक जीतना है। उन्होंने कहा कि 4×400 मीटर रिले में चंद सेकंड का अंतर ही पदक का फैसला करता है। टीम अब और कड़ी मेहनत करेगी और अगली प्रतियोगिताओं में भारत के लिए स्वर्ण पदक जीतने का लक्ष्य रहेगा।

बाइट : धर्मवीर चौधरी, कांस्य पदक विजेता, एशियन गेम्स

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Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan वॉयस ऑफ क्रांति के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।