फ्लाईदुबई के को-पायलट को लेकर चौंकाने वाले घटनाक्रम सामने आए, सोशल मीडिया पोस्ट में खुलासा
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फ्लाईदुबई के को-पायलट के बारे में चौंकाने वाली बातें सामने आई हैं.
उस पर आरोप है कि उसने कॉकपिट के अंदर क्रैश एक्स (विमान दुर्घटना के समय इस्तेमाल होने वाली कुल्हाड़ी) से अपने भारतीय साथी पर हमला किया और करीब 170 लोगों से भरे विमान को क्रैश करने की कोशिश की.
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, ओमान के नागरिक हम्माम अल-हम्माम ने जांचकर्ताओं को बताया कि वह जानबूझकर विमान को क्रैश करना चाहता था और उसे 'मौत से डर नहीं लगता था'.
यात्रियों के साथ विमान को लैंड कराना यह बात उनके उड़ने के शौक से बिल्कुल अलग है, जो जून 2022 में उनके एक सोशल मीडिया पोस्ट से साफ पता चलता है.
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, अरबी भाषा में लिखे उस पोस्ट में कहा गया था, "एविएशन और फ्लाइट ट्रेनिंग को जो चीज इतनी खूबसूरत बनाती है, वह यह है कि इसमें कुछ रोजमर्रा जैसा नहीं होता.
कुछ पल ऐसे होते हैं जिन्हें आप कभी नहीं भूलते—जैसे आपकी पहली सोलो फ्लाइट (अकेले उड़ान भरना), या पहली बार यात्रियों के साथ विमान को लैंड कराना." सऊदी अधिकारियों ने भी की पूछताछ अल-हम्मामी से अभी संयुक्त अरब अमीरात में पूछताछ हो रही है.
एक दिन पहले फ्लाईदुबई की फ्लाइट में क्रैश के डर के बाद, गुरुवार सुबह एक सिक्योरिटी टीम उन्हें वहां ले गई थी.
बुधवार को सऊदी अरब में फ्लाइट की इमरजेंसी लैंडिंग के बाद सऊदी अधिकारियों ने भी उनसे पूछताछ की थी. कट्टरपंथी विचारों के कारण ओमान की नेशनल एयरलाइन से नौकरी से निकाला गया.
पहले की रिपोर्ट से जानकारी मिलती है कि उन्हें बीते साल ओमान क नेशनल एयरलाइन से नौकरी से निकाला गया था.
एक रिपोर्ट की मानें तो उनके सोशल मीडिया अकाउंट्स (जो अब डिलीट कर दिए गए हैं) से उनके कट्टरपंथी विचारों का पता चला था.
आरोपी पायलट, जिसे इजराइल के पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने 'कट्टरपंथी' बताया था, ने कथित तौर पर पोस्ट किया था कि महिला-पुरुषों ने एक साथ काम करने वाली जगहों का महिलाओं पर बुरा असर पड़ता है.
सीरिया से कनेक्शन और 'कट्टरपंथ' अधिकारियों के मुताबिक, 29 साल के अल-हमामी के पिता और मां सीरिया की थे. वह दुबई में रह चुका है. जांच करने वाले उसके बारे में जानकारी जुटा रहे हैं.
बताया जा रहा है कि सीरिया से उसके कनेक्शन पर खास ध्यान दिया जा रहा है.
मीडिया रिपोर्ट की मानें, अल-हमामी ने लंबे वक्त से चले गृहयुद्ध के दौरान इस संघर्ष-ग्रस्त देश में कुछ वक्त बिताया था. जांच करने वाले इस संभावना की जांच में जुट हैं.
सीरिया में इस्लामी विद्रोहियों के असद सरकार के खिलाफ लड़ने के दौरान ही वह कट्टरपंथी बनने लगा था.
📡 स्रोत: NewsData.io