गंगा के जलस्तर से हरूहर-किऊल उफनाई, दियारा में बाढ़:लखीसराय में सैकड़ों बीघा सोयाबीन, मक्का और सब्जी की फसलें डूबीं, किसान चिंतित
लखीसराय में गंगा के जलस्तर में लगातार वृद्धि का असर अब हरूहर और किऊल नदियों पर भी दिख रहा है। दोनों नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ने के कारण बड़हिया और पिपरिया प्रखंड के दियारा क्षेत्र के निचले इलाकों में बाढ़ का पानी फैल गया है। खेतों में पानी भर जाने से किसानों की मुश्किलें बढ़ गई हैं।
दियारा इलाके में सैकड़ों बीघा में लगी सोयाबीन, मक्का और सब्जी की फसलें पानी में डूब गई हैं। फसल बर्बाद होने की आशंका से किसान चिंतित हैं। बाढ़ के कारण पशु चारे की गंभीर समस्या उत्पन्न हो गई है। चारा नहीं मिलने से पशुपालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीण बाढ़ के पानी के बीच घोड़े और साइकिल के सहारे किसी तरह पशुओं के लिए चारा लाने को मजबूर हैं। हर साल बाढ़ की स्थिति होती है उत्पन्न पिपरिया प्रखंड के रामचंद्र गांव के ग्रामीणों का कहना है कि प्रत्येक वर्ष बाढ़ की स्थिति उत्पन्न होती है, जिसका सबसे अधिक नुकसान किसानों को उठाना पड़ता है।
ग्रामीणों के अनुसार, इस बार भी निचले इलाकों में पानी तेजी से फैल रहा है। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि दियारा क्षेत्र में आवागमन के लिए पर्याप्त नाव की व्यवस्था नहीं होने से लोगों को काफी परेशानी हो रही है। बाढ़ के दौरान नदी और गहरे पानी को पार करने में हादसे का खतरा बना रहता है।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से तत्काल नावों की व्यवस्था कराने के साथ ही पशुओं के लिए पर्याप्त चारा उपलब्ध कराने की मांग की है।
📡 स्रोत: NewsData.io