घर में छिपाकर रखे थे 84 जिंदा कारतूस:सीतामढ़ी में पुलिस ने 2 आरोपी पकड़े, एक पर पहले से 7 केस दर्ज
ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ेंJoin करें →सीतामढ़ी में बेलसंड थाना क्षेत्र के मखनाहा गांव में पुलिस ने अवैध कारतूस रखने के मामले में कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने एक आरोपी के घर से 84 जिंदा कारतूस और एक मोटरसाइकिल बरामद की है। बरामद कारतूस के संबंध में कोई वैध कागजात प्रस्तुत नहीं किए जाने पर पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इतनी बड़ी संख्या में कारतूस कहां से लाए गए थे और इन्हें किस उद्देश्य से रखा गया था। एक मोटरसाइकिल भी बरामद की गई पुलिस के अनुसार बेलसंड थाना पुलिस को सूचना मिली थी कि मधवनाहा गांव में अवैध रूप से कारतूस रखा गया है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने गांव में छापेमारी की।
यहां अमित आनंद उर्फ सोनू सिंह के घर की तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान 84 पीस जिंदा कारतूस मिले। इसके अलावा एक मोटरसाइकिल भी बरामद की गई। पूछताछ के दौरान पुलिस को मामले में कमलेश कुमार की संलिप्तता की जानकारी मिली। इसके बाद पुलिस ने उसे भी गिरफ्तार कर लिया। कमलेश कुमार मंडारी गांव के वार्ड नंबर-1 का रहने वाला है, जबकि अमित आनंद उर्फ सोनू सिंह मधवनाहा गांव के वार्ड नंबर-3 का निवासी है।
कमलेश पर पहले से 7 मामले दर्ज पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार कमलेश कुमार का आपराधिक इतिहास भी सामने आया है। उसके खिलाफ बेलसंड, पुपरी और पिपराही समेत विभिन्न थानों में 7 मामले दर्ज हैं। इनमें आर्म्स एक्ट, एससी-एसटी एक्ट समेत अन्य धाराओं के मामले शामिल हैं। मामले में बेलसंड थाना कांड संख्या 252/26 दर्ज कर पुलिस आगे की कार्रवाई कर रही है।
पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर कारतूस के स्रोत और इसके पीछे किसी बड़े नेटवर्क की भूमिका की जांच कर रही है।
📡 स्रोत: NewsData.io
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सीतामढ़ी के इस हादसे से हमें यह याद दिलाता है कि हथियारों का अनियंत्रित भंडारण समाज के लिए खतरा है। यदि कोई विवाद या असंतोष हो तो कानूनी मार्ग अपनाएँ, न कि हिंसा। परिवार में शांति बनाए रखने के लिए संवाद और सहानुभूति ज़रूरी है। सरकार और समाज को मिलकर सुरक्षित भंडारण के नियमों को सख्ती से लागू करना चाहिए, ताकि ऐसी घटनाएँ दोबारा न हों।