गोंडा में पश्चिमी रिंग रोड निर्माण की तैयारियां तेज:24 गांवों के 775 गाटों से अधिग्रहित होगी 107 हेक्टेयर जमीन
ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ेंJoin करें →देवीपाटन मंडल मुख्यालय गोंडा को आए दिन लगने वाले भीषण जाम से मुक्ति दिलाने के लिए प्रस्तावित पश्चिमी रिंग रोड परियोजना ने मंगलवार सुबह से गति पकड़ ली है। परियोजना का थ्री-डी नक्शा जारी होने के बाद निर्माण क्षेत्र में आने वाली भूमि का चिन्हांकन कर लिया गया है। 20.570 किलोमीटर लंबे इस रिंग रोड के निर्माण के लिए 24 गांवों के 775 गाटों (भूखंडों) से कुल 107 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा।
मंडल मुख्यालय के चारों तरफ कुल 29 किलोमीटर लंबी रिंग रोड बनाई जानी है। बीते वर्ष नवंबर में इसके 20.570 किलोमीटर लंबे पश्चिमी हिस्से को हरी झंडी मिली थी। 16 अरब 46 करोड़ 98 लाख रुपये की लागत वाली इस परियोजना के प्राथमिक कार्यों के लिए शासन ने 3 करोड़ 70 लाख रुपये जारी कर दिए हैं। जाम से मिलेगी निजात इस मार्ग पर तीन रेलवे ओवरब्रिज, दो बड़े पुल और पांच छोटे पुलों का निर्माण भी किया जाना है।
यह मार्ग अयोध्या मार्ग पर पराग डेयरी के पास से निकलकर कटहाघाट, लखनऊ मार्ग और बहराइच रोड होते हुए दत्तनगर के पास बलरामपुर मार्ग से जुड़ेगा। इसके बन जाने से गोंडा, बलरामपुर, बहराइच, श्रावस्ती, सिद्धार्थनगर, अयोध्या, बाराबंकी और लखनऊ की ओर आने-जाने वाले वाहनों को शहर के जाम में फंसे बिना बाईपास मिल सकेगा।
इससे शहर में आए दिन लगने वाले जाम से लोगों को राहत मिलेगी। वर्तमान में लोगों को घंटों जाम में फंसना पड़ता है। कई बार जाम से परेशान होकर लोग दूसरे रास्तों का सहारा लेते हैं। इन गांवों से गुजरेगा रिंग रोड सदर तहसील के इंदिरापुर, भदुआतरहर, पूरे ललक, दुल्लापुर खालसा, सिंघाव, पड़रीशंकर, इमरती बिसेन, रुद्रपुर बिसेन, केशवपुर पहड़वा, पथवलिया, पूरे हेमराज, कलंदरपुर चौबे, करनीपुर, मथुराचौबे, कपूरपुर, पूरे शिवाबख्तावर, झंझरी, बनवरिया, उम्मेदजोत, दत्तनगर बिसेन, कटहामाफी, हारीपुर और पड़रीकृपाल तथा कर्नलगंज तहसील के चांदपुर व दुल्लापुर तरहर के 775 गाटों को चिह्नित कर लाल निशान के पत्थर गाड़ दिए गए हैं।
नगर में स्टेट पंकज वर्मा ने बताया कि एलाइनमेंट निर्धारित होने के बाद उसे बदलना आसान नहीं है। तहसीलों से भूमि का विवरण मांगा गया है। इसके बाद खातेदारों को नोटिस भेजी जाएगी और जल्द ही जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा। उन्होंने बताया कि किसी को आपत्ति दर्ज करानी है तो वह एनएच कार्यालय, लखनऊ में अपनी आपत्ति दे सकता है, क्योंकि एलाइनमेंट पूरी तरह फाइनल हो चुका है।
📡 स्रोत: NewsData.io