गुना में नारायणपुरा शक्कर कारखाना शुरू करने की मांग:शास्त्री पार्क से कलेक्ट्रेट तक निकाली गई रैली; किसान बोले- बकाए का भुगतान जल्द हो
ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ेंJoin करें →गुना की बंद पड़ी नारायणपुरा शक्कर फैक्ट्री को दोबारा शुरू कराने की मांग को लेकर किसानों ने प्रदर्शन किया। नारायणपुरा शक्कर कारखाना चालू करो संघर्ष समिति के बैनर तले किसान शास्त्री पार्क में एकत्रित हुए। यहां से कलेक्ट्रेट तक रैली निकाली गई और प्रशासन को कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपकर फैक्ट्री जल्द शुरू कराने की मांग की गई।
समिति ने मांगें पूरी नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है। शास्त्री पार्क से कलेक्ट्रेट तक निकली रैली किसान शास्त्री पार्क में एकत्रित हुए, जहां वक्ताओं ने फैक्ट्री शुरू कराने की मांग को लेकर अपनी बात रखी। इसके बाद रैली शुरू हुई। रैली लक्ष्मीगंज, सदर बाजार, निचला बाजार, हाय रोड और हनुमान चौराहा होते हुए कलेक्टर कार्यालय पहुंची।
यहां प्रशासन को ज्ञापन सौंपा गया। 8 साल से बंद है शक्कर कारखाना ज्ञापन में कहा गया कि नारायणपुरा शक्कर कारखाना पिछले 8 साल से बंद पड़ा है। जब कारखाना संचालित होता था, तब किसानों सहित आसपास के लोगों के लिए रोजगार और आर्थिक तरक्की के अवसर बढ़े थे। सैकड़ों स्थायी कर्मचारियों को रोजगार मिला था और आसपास के लोगों को भी काम मिलता था।
किसान गन्ने की फसल उगाकर अच्छा लाभ कमाने लगे थे। 2000 में शुरू हुआ, 2017 में कर दिया बंद समिति के अनुसार कारखाना वर्ष 2000 में शुरू हुआ था। इसे अचानक घाटे में बताकर 2017 में बंद कर दिया गया। कारखाना बंद होने के बाद किसानों और कर्मचारियों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा। किसान और कर्मचारी लगातार आंदोलन कर कारखाना दोबारा शुरू कराने की मांग उठा रहे हैं।
महापंचायत और बाइक रैली भी कर चुके हैं ज्ञापन में कहा गया कि किसानों ने पहले भी किसान महापंचायत और बाइक रैली सहित कई आंदोलन किए हैं। इन आंदोलनों के जरिए शासन और प्रशासन को कारखाना शुरू कराने की मांग से अवगत कराया गया, लेकिन अभी तक मांग पूरी करने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।
बकाया राशि और सुरक्षा की भी मांग समिति ने बंद पड़े नारायणपुरा शक्कर कारखाने को दोबारा शुरू करने के साथ किसानों और कर्मचारियों की पूर्व की बकाया राशि का तत्काल भुगतान करने की मांग की है। कारखाना परिसर में आए दिन होने वाली चोरी की घटनाओं पर रोक लगाने और सुरक्षा के कड़े इंतजाम करने की भी मांग रखी गई है।
समिति ने चेतावनी दी है कि मांगें पूरी नहीं हुईं तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
📡 स्रोत: NewsData.io