जबलपुर में किसानों ने निकाली ट्रैक्टर रैली:MSP पर धान-गेहूं खरीदी की मांग, कलेक्टर को सौंपा 15 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन
ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ेंJoin करें →जबलपुर में मंगलवार को सैकड़ों किसानों ने MSP के तहत घोषित दरों पर धान-गेहूं की खरीदी समेत विभिन्न मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। भारतीय किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष रामदास पटेल के नेतृत्व में किसानों ने ट्रैक्टर रैली निकाली और जिला मुख्यालय पहुंचकर प्रदर्शन किया। किसानों ने कहा कि उन्हें भावांतर योजना नहीं, बल्कि MSP पर फसल खरीदी की गारंटी चाहिए।
उनका कहना था कि मंडियां किसानों के शोषण का माध्यम बन चुकी हैं। प्रदर्शन के बाद किसानों के प्रतिनिधिमंडल ने कलेक्टर को 15 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपा। धान 3100 और गेहूं 2700 रुपए क्विंटल की मांग किसानों ने धान 3100 रुपए और गेहूं 2700 रुपए प्रति क्विंटल की दर से खरीदी की मांग की। प्रति एकड़ खरीदी की सीमा 25 क्विंटल तय करने को भी कहा।
मझौली तहसील में बकाया धान, गेहूं और मूंग का भुगतान तथा पनागर तहसील के विभिन्न वेयरहाउसों की रुकी राशि का तुरंत भुगतान करने की मांग की गई। MSP से नीचे बोली पर रोक लगाने की मांग ज्ञापन में मंडियों में समर्थन मूल्य से नीचे लगने वाली बोलियों पर रोक लगाने की मांग की गई। किसानों ने व्यापारियों द्वारा माल खरीदने के बाद भुगतान नहीं करने के मामलों में आरोपियों की गिरफ्तारी और FIR दर्ज करने की मांग भी रखी।
12 घंटे कृषि बिजली और नकली बीज पर कार्रवाई किसानों ने मझौली के रानीताल कटाव सबस्टेशन का निर्माण जल्द पूरा कर दिन में 12 घंटे कृषि बिजली देने की मांग की। सिहोरा में ओवरलोडेड ट्रांसफार्मर बदलने और नकली हाइब्रिड बीज बेचने वाली कंपनियों की जांच कर कार्रवाई करने को भी कहा। पराली पर कार्रवाई रोकने और खेत सड़क योजना शुरू करने की मांग किसानों ने कहा कि पराली निपटाने के पर्याप्त साधन मिलने तक उन पर कार्रवाई नहीं की जाए।
साथ ही, 'किसान खेत सड़क योजना' तुरंत शुरू करने की मांग की। मंडियों में आधार और फोटो स्कैन की व्यवस्था का सुझाव प्रशासनिक स्तर पर फर्जीवाड़ा रोकने के लिए किसानों ने मंडियों में बिचौलियों पर लगाम लगाने के लिए आधार कार्ड और फोटो स्कैन की व्यवस्था लागू करने का सुझाव दिया। किसानों ने चेतावनी दी कि फसल भुगतान, बिजली आपूर्ति और राजस्व से जुड़ी समस्याओं का समय रहते निराकरण नहीं हुआ तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।
📡 स्रोत: NewsData.io