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कैमूर में ग्रामीण को नहीं मिला स्मार्ट कार्ड:मुखिया ने बताया मानसिक बीमार, पीड़ित बोला-2022 में कार्ड बन गया है, लेकिन मिला नहीं

लेखक: JKS News Desk अंतिम अपडेट: 28 अगस्त 2026
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
कैमूर में ग्रामीण को नहीं मिला स्मार्ट कार्ड:मुखिया ने बताया मानसिक बीमार, पीड़ित बोला-2022 में कार्ड बन गया है, लेकिन मिला नहीं

कैमूर के भभुआ प्रखंड की कैथी पंचायत में ग्रामीण को आयुष्मान/स्मार्ट कार्ड न मिलने का मामला सामने आया है। पीड़ित श्रीराम सिंह का आरोप है कि उनका कार्ड 2022 में बन चुका है, लेकिन उन्हें अब तक भौतिक कार्ड प्राप्त नहीं हुआ है।

वहीं, पंचायत के मुखिया अनिल कुमार सिंह ने पीड़ित को मानसिक रूप से अस्वस्थ बताते हुए आरोपों को खारिज कर दिया है। कैथी पंचायत के बगैचा गांव निवासी श्रीराम सिंह ने बताया कि वह अपने और अपने बेटों आदित्य, सोनू, सनी के स्मार्ट कार्ड के लिए लंबे समय से पंचायत भवन और सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगा रहे हैं।

उन्होंने कहा, “2022 में ही हमारा कार्ड बन गया था, लेकिन हमें आज तक नहीं मिला। जब भी मांगने आता हूं, तो निजी दुकानों पर जाकर पैसे देकर कार्ड निकलवाने की बात कही जाती है।” दफ्तर के बार-बार लगा रहे चक्कर श्रीराम सिंह ने अपनी परेशानी बताते हुए कहा कि वह गरीब आदमी हैं और बार-बार चक्कर काट कर थक चुके हैं।

उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उन्हें कार्ड नहीं मिला, तो वह आगे शिकायत कर कानूनी कदम उठाएंगे। इस मामले में कैथी पंचायत के मुखिया अनिल कुमार सिंह से बात की गई तो उन्होंने पीड़ित के आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया। मुखिया ने कहा, "यह व्यक्ति श्रीराम सिंह पूर्ण रूप से मानसिक संतुलन खो चुका है।

इनका कोई काम बकाया नहीं है, ये बस ऐसे ही हाथ में कागजात लेकर घूमते रहते हैं।" मुखिया अनिल कुमार सिंह ने यह भी बताया कि पंचायत भवन में आय, जाति, निवास, आयुष्मान और पेंशन जैसी विभिन्न योजनाओं का कार्य सुचारू रूप से चल रहा है।

📡 स्रोत: NewsData.io

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