कानपुर सेंट्रल पर भीड़ नियंत्रण के लिए मॉक ड्रिल:अधिकरियों ने कहा- आपात स्थिति में निपटने के लिए सभी एजेंसियां तैयार
ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ेंJoin करें →कानपुर में आगामी त्योहारों में कानपुर सेंट्रल पर बढ़ने वाली यात्री भीड़ और संभावित आपात स्थिति से निपटने के लिए गुरुवार को आरपीएफ और जीआरपी ने गुरुवार शाम 7 बजे संयुक्त मॉक ड्रिल कराई गई। प्लेटफॉर्म नंबर 2 और 3 पर अत्यधिक भीड़ की काल्पनिक स्थिति बनाकर सुरक्षा एजेंसियों और रेलवे विभागों ने भीड़ नियंत्रण, यात्रियों के डायवर्जन, मेडिकल इमरजेंसी और यातायात प्रबंधन की तैयारियों को परखा।
मॉक ड्रिल के दौरान टेंट साइड गेट नंबर-2 को प्रतिबंधित कर यात्रियों को निर्धारित वैकल्पिक होल्डिंग एरिया में भेजा गया। यहां यात्रियों को नियंत्रित तरीके से रोका गया और प्लेटफॉर्म पर भीड़ कम होने का इंतजार कराया गया। स्थिति सामान्य होने के बाद Guided Way के जरिए यात्रियों को कतारबद्ध तरीके से प्लेटफॉर्म नंबर-2 पर पहुंचाया गया और विशेष ट्रेन में सुरक्षित बैठाया गया।
मॉक ड्रिल के दौरान ड्रोन से स्टेशन परिसर और भीड़ की निगरानी की गई। इसका उद्देश्य भीड़ की वास्तविक स्थिति के आधार पर तत्काल निर्णय लेने और जरूरत पड़ने पर यात्रियों के मार्ग में बदलाव का अभ्यास करना था। बाहरी यातायात को नियंत्रित करने के लिए ट्रैफिक डाइवर्शन की प्रक्रिया भी परखी गई। आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था की भी मॉक ड्रिल की गई।
काल्पनिक रूप से एक यात्री के गंभीर रूप से अस्वस्थ होने की स्थिति बनाई गई। इसके बाद मौके पर रेस्क्यू, सीपीआर और प्राथमिक उपचार देने के साथ मेडिकल टीम और एंबुलेंस के जरिए अस्पताल पहुंचाने की प्रक्रिया का अभ्यास किया गया। मॉक ड्रिल में आरपीएफ, जीआरपी, सिविल पुलिस, ट्रैफिक पुलिस, कॉमर्शियल, ऑपरेटिंग, सिग्नल एंड टेलीकम्युनिकेशन, इलेक्ट्रिकल और मेडिकल समेत अन्य विभागों के अधिकारी-कर्मचारी शामिल हुए।
सहायक सुरक्षा आयुक्त आरपीएफ विवेक वर्मा और प्रभारी निरीक्षक RPF कानपुर सेंट्रल एसएन पाटीदार और जीआरपी प्रभारी ओमनारायण सिंह समेत 70 जवानों ने भी सहभागिता की। मॉक ड्रिल के बाद अधिकारियों ने पूरी कार्रवाई की समीक्षा की। त्योहारों के दौरान भीड़ की लगातार निगरानी, होल्डिंग एरिया के प्रभावी इस्तेमाल, यात्री डायवर्जन, मेडिकल रिस्पॉन्स और विभागों के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखने के निर्देश दिए गए।
किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी एजेंसियां तैयार हैं।
📡 स्रोत: NewsData.io
🎙️ वॉयस ऑफ क्रांति का मत
कानपुर सेंट्रल पर मॉक ड्रिल से दिखता है कि तैयारी से आपात स्थिति को रोका जा सकता है। इसी तरह, जीवन के छोटे‑छोटे संघर्षों में भी योजनाबद्ध कदम उठाने से समाधान मिलता है। यदि किसी विवाद का सामना हो, तो शांत संवाद, कानूनी सलाह या मध्यस्थता से समाधान खोजें। आपसी समझ और सहानुभूति से समाज में शांति बनी रहती है, और हर व्यक्ति सुरक्षित एवं सम्मानित महसूस करता है।