कंप्यूटर साक्षरता के साथ साइबर सुरक्षा का पाठ

बीकानेर के उदासर गांव के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में डिजिटल युग में कंप्यूटर साक्षरता के महत्व पर व्याख्यान आयोजित हुआ। विद्यार्थियों को साइबर ठगी से बचाव, ओटीपी की सुरक्षा और अनजान लिंक से सावधान रहने की जानकारी दी गई। बीकानेर, 21 अगस्त।
महाराजा गंगा सिंह विश्वविद्यालय के गोदित ग्राम उदासर स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में ‘डिजिटल युग में कंप्यूटर साक्षरता का महत्व’ विषय पर व्याख्यान आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में कक्षा 9वीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों ने भाग लिया और डिजिटल तकनीक के सुरक्षित एवं जिम्मेदार उपयोग से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी हासिल की। मुख्य वक्ता डॉ. विशाल गौड़ ने विद्यार्थियों को कंप्यूटर और इंटरनेट के बढ़ते उपयोग के साथ साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक रहने की सलाह दी।
उन्होंने कहा कि डिजिटल माध्यमों का इस्तेमाल करते समय थोड़ी सी सावधानी साइबर धोखाधड़ी से बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। उन्होंने विद्यार्थियों को सलाह दी कि किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक नहीं करना चाहिए और किसी व्यक्ति के साथ ओटीपी साझा नहीं करना चाहिए।
सोशल मीडिया, ऑनलाइन बैंकिंग और अन्य डिजिटल प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करते समय व्यक्तिगत एवं वित्तीय जानकारी की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखने की बात कही गई। डॉ. गौड़ ने विद्यार्थियों को साइबर ठगी के नए तरीकों से भी सतर्क रहने की जानकारी दी।
उन्होंने स्पष्ट किया कि कोई भी सरकारी एजेंसी वीडियो कॉल के माध्यम से किसी व्यक्ति को गिरफ्तार नहीं करती। ऐसी स्थिति में घबराने के बजाय संबंधित विभाग से आधिकारिक माध्यमों से जानकारी लेने और साइबर अपराध की शिकायत करने की सलाह दी गई।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को बताया गया कि साइबर धोखाधड़ी होने या सोशल मीडिया पर उत्पीड़न का सामना करने की स्थिति में 1930 पर शिकायत दर्ज कराई जा सकती है। विद्यार्थियों से अपील की गई कि वे स्वयं जागरूक होने के साथ अपने परिवार और आसपास के लोगों को भी साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक करें।
कार्यक्रम में डॉ. गौतम कुमार मेघवंशी, विद्यालय के प्रधानाचार्य बजरंग लाल भादु और डॉ. संतोष कंवर शेखावत सहित विद्यालय परिवार के सदस्य मौजूद रहे। व्याख्यान के माध्यम से विद्यार्थियों को डिजिटल तकनीक के ज्ञान के साथ उसके सुरक्षित और जिम्मेदार उपयोग का संदेश दिया गया।