केरलम मर्सिडीज टक्कर, आरोपी के पिता जज को जमानत:हाईकोर्ट बोला- हिरासत में पूछताछ जरूरी नहीं; पीड़ित की बेटी बोली- फैसला सीने में चाकू घोंपने जैसा
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केरल हाईकोर्ट ने मर्सिडीज-बेंज सड़क हादसे के नाबालिग आरोपी के जज पिता को अग्रिम जमानत दे दी है। एडिशनल सेशन जज कविता गंगाधरन ने गुरुवार को पीड़ित परिवार की ओर से दायर याचिका को खारिज कर दिया। कोर्ट ने कहा कि आरोपी जांच में सहयोग नहीं कर रहा है, इस बात के सबूत नहीं मिले। उसके पिता जज न्यायिक अधिकारी हैं और जांच में सहयोग कर चुके हैं।
उन्हें हिरासत में लेकर पूछताछ करना जरूरी नहीं है। हाईकोर्ट के निर्णय पर पीड़ित की बेटी भद्रकीर्ति ने एक न्यूज चैनल से बातचीत में कहा- यह फैसला मेरे सीने में चाकू घोंपने जैसा है। परिवार को उम्मीद थी कि हमें कुछ न्याय मिलेगा, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। हादसा 25 अक्टूबर की देर रात कोच्चि के चेरानल्लूर इलाके में हुआ था।
जज के नाबालिग बेटे ने तेज रफ्तार में मर्सिडीज चलाते हए स्कूटर सवार 55 साल के जयबालकृष्णन को पीछे से टक्कर मार दी थी। हादसे में उनकी मौत हो गई थी। नाबालिग के पिता जज को आरोपी बनाया नाबालिग आरोपी ने जिस मर्सिडीज से स्कूटर को टक्कर मारी थी, वह उसके जज पिता के नाम रजिस्टर्ड थी। इसी के चलते केरल हाईकोर्ट के निर्देश पर पुलिस ने जज के खिलाफ मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 199ए के तहत मामला दर्ज किया और मामले में आरोपी बनाया।
जज ने हाईकोर्ट में कहा था कि मुझे पता नहीं था कि बेटा कार लेकर घर से निकला है। मैं रात 1:28 बजे सोने चला गया था। मुझ हादसे की जानकारी रात 2:14 बजे फोन से मिली। 30 साल से चला रहे थे खाने का स्टॉल, घर लौटते समय हादसा मृतक जयबालकृष्णन करीब 30 साल से अपनी पत्नी मंजू के साथ सड़क किनारे खाने का स्टॉल चला रहे थे।
रिपोर्ट के मुताबिक, जयबालकृष्णन ने 24 अक्टूबर की रात चित्तूर मंदिर के पास अपना स्टॉल बंद किया था। वह रोज शाम करीब 4 बजे दुकान खोलते थे। जयबालकृष्णन और उनकी पत्नी रोज स्कूटी से करीब 20 किलोमीटर का सफर तय करके दुकान पहुंचते थे। उनकी पत्नी इलाज के कारण एक हफ्ते की छुट्टी पर थीं। हादसे के समय जयबालकृष्णन अकेले घर लौट रहे थे।
मृतक की बेटी का दावा- आरोपी पहले भी तेज रफ्तार में कार चलाता था वहीं मृतक की बेटी भद्रकीर्ति ने दावा किया कि हमारे पास इस बात के सबूत हैं कि नाबालिग पहले भी कार चलाता था। आरोपी ने अपने दोस्तों को 200 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से कार चलाने के वीडियो और तस्वीरें भेजी थीं। NDTV की रिपोर्ट के मुताबिक, नाबालिग अ
📡 स्रोत: Dainik Bhaskar