लखनऊ कम्युनिस्ट नेता नजर बंद:NSUI के सदस्यों को हिरासत में लिया गया , जंतर मंतर पर प्रदर्शन में शामिल होने पर रोक
ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ेंJoin करें →लखनऊ में कम्युनिस्ट नेताओं और विपक्षी छात्र संगठनों के छात्रों को हिरासत में लिया गया, नज़रबंद कि कार्रवाई हुई। दिल्ली जंतर मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन में शामिल होने से रोकने के लिए पुलिस ने की कार्रवाई। CPI(ML) लिबरेशन के जिला सचिव रमेश सेंगर को को नजर बंद किया गया। NSUI के पदाधिकारियों और छात्रों को हिरासत में लिया गया।
जंतर-मंतर पर ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा) और कॉकरोच जनता पार्टी के आह्वान पर होने वाले विरोध प्रदर्शन से पहले पुलिस सक्रिय। दिल्ली में जुटे इसलिए लखनऊ पुलिस प्रशासन उन सभी लोगों के ऊपर कार्रवाई कर रही है जो संभावित तौर पर इस प्रदर्शन का हिस्सा बनने वाले हैं। ‘लोकतंत्र कि हत्या किया’ लखनऊ विश्वविद्यालय से NSUI के अहमद रजा, शुभम खर्कवार समेत कई छात्रों को पुलिस ने हिरासत में लिया।
अहमद राजा ने बताया कि हम लोग ज्ञानेश कुमार के खिलाफ दिल्ली जंतर मंतर पर आंदोलन में शामिल होने जा रहे थे। उन्होंने कहा कि ज्ञानेश कुमार ने लोकतंत्र की हत्या किया है। करोड़ों भारतीय नागरिकों का वोटर लिस्ट से नाम काटा है। यह सीधे तौर पर आम नागरिक के अधिकारों का हनन और संविधान का अपमान है।
ज्ञानेश कुमार को जब तक सजा नहीं हो जाएगी हम लोग पीछे हटने वाले नहीं है। करोड़ों वोट चोरी का आरोप शुभम ने आरोप लगाया कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने लोकतंत्र की हत्या की है। उन्होंने कहा कि करोड़ों वोटों की चोरी कर अलग-अलग राज्यों और केंद्र में भाजपा की सरकार बनवाने में मदद की गई है।
उनका आरोप है कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और उनके इशारे पर पूरा चुनाव आयोग भाजपा के लिए काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र को बचाने के लिए हम सड़क से लेकर सदन तक संघर्ष करेंगे।
📡 स्रोत: NewsData.io