ममता गुट ने पार्टी का नया लोगो जारी किया:वोटरों को पहचान कराने की कोशिश, 6 अक्टूबर को उपचुनाव की वोटिंग होगी
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ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले TMC गुट ने सोमवार को नया लोगो जारी कर दिया। इसमें अंतरिम चुनाव चिह्न के तौर पर फुटबॉल खिलाड़ी बना है। लोगो के बीच में फुटबॉल खिलाड़ी है। इसके चारों ओर नीले बैकग्राउंड पर सफेद रंग में ‘ममता ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ लिखा है। डिजाइन में केसरिया, सफेद और हरे रंग भी शामिल किए गए हैं।
चुनाव आयोग ने फिलहाल पार्टी का पुराना नाम और फूल-घास का सिंबल फ्रीज कर दिया है। आयोग ने दोनों गुटों को अलग-अलग नाम और चुनाव चिह्न दिए हैं। ममता गुट को ‘ममता ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ नाम मिला है। 6 अक्टूबर के उपचुनाव से पहले पार्टी नेताओं से इसे प्रचारित करने को कहा गया है। रेजीनगर में TMC के दोनों गुट के उम्मीदवार मैदान में रेजीनगर में दोनों तृणमूल गुट आमने-सामने हैं, जबकि नंदीग्राम में ममता गुट कांग्रेस उम्मीदवार के समर्थन में मैदान से बाहर हो गया है।
पार्टी सूत्रों के मुताबिक, सभी पदाधिकारियों, नेताओं, कार्यकर्ताओं और निर्वाचित प्रतिनिधियों से अपने-अपने प्लेटफॉर्म पर लोगो प्रसारित करने को कहा गया है। ममता गुट के नेताओं ने सोमवार दोपहर से इसे सोशल मीडिया पर पोस्ट करना शुरू कर दिया। दोनों गुटों को मिले अलग नाम और सिंबल यह कवायद चुनाव आयोग के तृणमूल कांग्रेस पर चल रहे अंदरूनी विवाद के बीच पुराने नाम और फूल-घास सिंबल को फ्रीज करने के कुछ दिन बाद शुरू हुई है।
आयोग ने 6 अक्टूबर के उपचुनाव के लिए दोनों गुटों को अलग-अलग अंतरिम पहचान दी है। ममता गुट को ‘ममता ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ और फुटबॉल खिलाड़ी का सिंबल मिला है। अरूप रॉय के नेतृत्व वाले विरोधी गुट को ‘डेमोक्रेटिक तृणमूल कांग्रेस’ नाम और लिफाफे का सिंबल दिया गया है। नंदीग्राम और रेजीनगर उपचुनाव में अब केवल दो हफ्ते बचे हैं।
ममता गुट चाहता है कि वोटर नए सिंबल को उस राजनीतिक पहचान से जोड़ सकें, जिसे वे लंबे समय से तृणमूल कांग्रेस से जोड़ते रहे हैं। 17 सितंबर को आयोग ने पुराना नाम-सिंबल रोका 17 सितंबर को चुनाव आयोग ने तृणमूल कांग्रेस पर दोनों गुटों के दावों की सुनवाई की थी। आयोग ने आदेश दिया कि विवाद पर अंतिम फैसला होने तक कोई भी गुट पार्टी का मौजूदा नाम और सिंबल इस्तेमाल नहीं कर सकेगा।
यह फैसला उपचुनाव के नामांकन की आखिरी तारीख पर आया था। इसके बाद आयोग ने चुनाव प्रक्रिया आगे बढ़ाने के लिए दोनों गुटों से वैकल्पिक
📡 स्रोत: Dainik Bhaskar