मप्र में नई पीढ़ी के आंदोलनों का दौर:न किसी संगठन का इंतजार, न बड़ों का सहारा... अपनी लड़ाई खुद लड़ रहे हैं बच्चे
दिल्ली के जंतर-मंतर पर जेन-जी के आंदोलन के दौर में मप्र में जेन-जी और जेन-अल्फा के विरोध का नया ट्रेंड दिख रहा है। ये बच्चे शिकायत लेकर नहीं बैठते, समाधान के लिए खुद निकल पड़ते हैं। कोई बस स्टैंड पर डटा तो कोई कलेक्ट्रेट, थाना, कोर्ट और जनसुनवाई तक पहुंचा। प्रदेश में 12 से 20 अगस्त के 9 दिन में ऐसे 6 मामले सामने आए।
इनमें 5 में बच्चों की मांग पूरी हुई। इंदौर : 20 अगस्त फ्री खाने के पैसे ले रही थी गेस्ट फैकल्टी... गिरफ्तार शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान की दिव्यांग छात्रा से मुफ्त मेस भोजन के बदले हर महीने 500 से 700 रुपए लेने का आरोप था। संस्थान में शिकायत के बाद भी कार्रवाई नहीं हुई तो छात्रा मां के साथ कोर्ट पहुंची।
कोर्ट के आदेश पर एफआईआर हुई और गेस्ट फैकल्टी इंद्रा जाटव गिरफ्तार हुईं। छिंदवाड़ा : 20 अगस्त समय से पहले छुट्टी कर रहे थे दो शिक्षक, दोनों हटे बीच बहरी के सरकारी मिडिल स्कूल के छात्रों की शिकायत थी कि शिक्षक व महिला अतिथि शिक्षक समय से पहले कक्षाएं खत्म कर देते हैं।
बच्चे 70 किमी दूर कलेक्ट्रेट की जनसुनवाई में खुद शिकायत करने पहुंचे। जांच के बाद दोनों शिक्षकों को हटाकर अलग-अलग स्कूलों में भेज दिया गया। सिरोंज (विदिशा) 12 अगस्त छात्राएं अड़ीं: बस किराया 25 रु.
से 10 रुपए कराया कन्या हायर सेकंडरी स्कूल की ग्रामीण छात्राओं का बस किराया 10 से बढ़ाकर 25 रुपए किया गया तो वे बस स्टैंड पहुंच गईं। नारे लगाए- ‘विधायक जी, हमारा किराया कम करो’, ‘छात्र-छात्राओं को लूटना बंद करो’। प्रशासन ने बस ऑपरेटरों से बात की और किराया फिर 10 रुपए कराया।
भोपाल : 18 अगस्त डीएमएस को केवी में मर्ज करने के खिलाफ उतरे बच्चे एनसीईआरटी के डेमॉन्स्ट्रेशन मल्टीपर्पज स्कूल (डीएमएस) को केंद्रीय विद्यालय में मर्ज करने के प्रस्ताव के खिलाफ विद्यार्थी सड़क पर उतरे। ‘सेव डीएमएस’ के पोस्टर लेकर स्कूल की अलग पहचान बचाने की मांग की और ज्ञापन सौंपा। विलय का फैसला अभी लंबित है।
उज्जैन : 14 अगस्त स्कूल की शिफ्टिंग रोकनी पड़ गई शासकीय सराफा कन्या हायर सेकंडरी स्कूल को 6 किमी दूर दाऊदखेड़ी शिफ्ट करने का प्रस्ताव था। सैकड़ों छात्राएं कलेक्टोरेट पहुंचीं, घंटों धरने पर बैठीं। मांग थी- स्कूल पुरानी जगह पर चाहिए। आखिर प्रशासन ने शिफ्टिंग रोक दी।
धार : 16-17 अगस्त खराब खाने को लेकर रात को मार्च माता शबरी आवासीय कन्या शिक्षा परिसर (निसरपुर-कुक्षी) में क्षमता से ज्यादा छात्राएं रहने, खराब भोजन व अव्यवस्थाओं से परेशान 40 छात्राएं आधी रात थाने पहुंचीं। शिकायत के बाद प्रशासन ने जांच कराई। हॉस्टल अधीक्षिका निलंबित।
📡 स्रोत: NewsData.io