राजनीति

मतदाता सूचियों में फर्जी नामों की जांच जरूरी: सुधीर शर्मा

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 7 अक्टूबर 2026
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
मतदाता सूचियों में फर्जी नामों की जांच जरूरी: सुधीर शर्मा

अक्तूबर 07, कांगड़ा (हिमाचल प्रदेश): भाजपा विधायक सुधीर शर्मा ने मतदाता सूचियों को शुद्ध और पारदर्शी बनाने की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था की मजबूती के लिए मतदाता सूची में प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम सुनिश्चित होना और अपात्र नामों की जांच जरूरी है। उन्होंने कहा कि पूर्व में चुनावों के दौरान बूथ कब्जाने, हिंसा और फर्जी मतदान जैसी शिकायतें सामने आती रही हैं।

कई स्थानों पर एक ही पते या कमरे में बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम दर्ज होने की शिकायतें भी सामने आई हैं। ऐसे मामलों की निष्पक्ष जांच कर वास्तविक स्थिति सामने लाना आवश्यक है। सुधीर शर्मा ने कहा कि मतदाता सूचियों के पुनरीक्षण के दौरान देश में अवैध रूप से रह रहे लोगों के नामों की भी जांच होनी चाहिए।

भारत का नागरिक नहीं होने वाले व्यक्ति का नाम मतदाता सूची में शामिल किया जाना उचित नहीं है। हालांकि, यदि किसी पात्र नागरिक का नाम गलती से सूची से हट जाता है तो उसे निर्धारित प्रक्रिया के तहत अपील का अधिकार मिलना चाहिए। उन्होंने कांग्रेस पर मतदाता सूचियों के पुनरीक्षण की प्रक्रिया का राजनीतिक विरोध करने का आरोप लगाया।

उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के साथ फर्जी पहचान और अवैध दस्तावेजों के इस्तेमाल पर भी प्रभावी रोक लगाई जानी चाहिए।

बाईट: सुधीर शर्मा, पूर्व मंत्री एवं भाजपा विधायक, धर्मशाला

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Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan वॉयस ऑफ क्रांति के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।