मिर्जापुर के टोल प्लाजा पर 15 दिन से वसूली बंद:टनल में पानी घुसने से बूथ-कंप्यूटर सिस्टम खराब, रोज लाखों का राजस्व नुकसान
ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ेंJoin करें →मिर्जापुर में वाराणसी-रीवा राष्ट्रीय राजमार्ग-135 पर स्थित अतरैला टोल प्लाजा भारी बारिश के कारण जलभराव की चपेट में आ गया है। टोल बूथ के टनल में पानी घुसने से कंप्यूटर सिस्टम और दूसरे तकनीकी उपकरण खराब हो गए। इस वजह से 18 अगस्त से टोल वसूली पूरी तरह बंद है। वाहनों को बिना टोल चुकाए ही आगे जाने दिया जा रहा है।
अतरैला टोल प्लाजा का टेंडर करीब 20 लाख रुपए प्रतिदिन के हिसाब से हुआ है। टोल वसूली बंद होने से हर दिन लाखों रुपए के राजस्व का नुकसान हो रहा है। लगातार जलभराव के कारण फास्टैग सिस्टम समेत टोल चलाने वाले दूसरे तकनीकी उपकरण भी खराब हो गए हैं। 15 दिन बीत जाने के बाद भी अभी तक खराबी ठीक नहीं की जा सकी है।
जलभराव कम करने के लिए एनएचएआई क्रेन और मशीनों का इस्तेमाल कर रहा है। हाईवे के किनारे से मिट्टी हटाकर पानी निकालने और अस्थायी रास्ता बनाने की कोशिश की गई है। अधिकारियों के मुताबिक, टोल वसूली तभी शुरू हो पाएगी जब फास्टैग और दूसरे तकनीकी सिस्टम पूरी तरह ठीक हो जाएंगे।
मशीनों में पानी घुसने की वजह से इसमें कुछ और दिन लग सकते हैं। करीब तीन हजार करोड़ रुपए की लागत से बने वाराणसी-रीवा राष्ट्रीय राजमार्ग पर बारिश के बाद जल निकासी व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं। टोल प्लाजा के आसपास पानी जमा होने से हाईवे से गुजरने वाले वाहन चालकों और यात्रियों को दिक्कत हुई।
यात्रियों का कहना है कि पानी निकालने के लिए तुरंत बड़े वाटर पंप लगाए जाने चाहिए थे। भविष्य में जलभराव की समस्या से बचने के लिए हाईवे के दोनों ओर बड़े सिविल पाइप और नए वाटर ड्रेनेज आउटलेट बनाने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। इन आउटलेट के जरिए बारिश के पानी को प्राकृतिक जल स्रोतों तक पहुंचाने की योजना है।
📡 स्रोत: NewsData.io