मुख्यमंत्री ने भाजपा सांसदों और विधायकों पर प्रदेश के हितों के लिए केंद्र सरकार के समक्ष प्रभावी पैरवी नहीं करने का लगाया आरोप
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सितंबर 17, हमीरपुर (हिमाचल प्रदेश): मुख्यमंत्री ने भाजपा सांसदों और विधायकों पर प्रदेश के हितों के लिए केंद्र सरकार के समक्ष प्रभावी पैरवी नहीं करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि आपदा के दौरान भाजपा का कोई सांसद या विधायक हिमाचल के अधिकारों की मांग लेकर केंद्र सरकार के पास नहीं गया।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने हिमाचल प्रदेश के लिए 1,500 करोड़ रुपये की सहायता की घोषणा की थी, लेकिन अभी तक प्रदेश को एक भी पैसा प्राप्त नहीं हुआ है। उन्होंने कहा कि प्रदेश को आरडीजी के तहत मिलने वाली प्रतिवर्ष 8,000 से 10,000 करोड़ रुपये की सहायता भी बंद कर दी गई है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने कर्मचारियों को पुरानी पेंशन योजना प्रदान की है और आगे भी इस पर कायम रहेगी।
उन्होंने कहा कि आने वाले समय में अन्य कर्मचारियों को भी ओपीएस का लाभ दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार पर यूपीएस लागू करने का दबाव है, लेकिन सरकार ओपीएस पर कायम रहेगी, क्योंकि यह कर्मचारियों के सम्मान से जुड़ा विषय है। उन्होंने कहा कि वह मुख्यमंत्री के रूप में प्रतिदिन ऐसे फैसले लेने का प्रयास करते हैं, जिनसे हिमाचल प्रदेश आत्मनिर्भर बन सके।
सरकार का लक्ष्य वर्ष 2027 तक प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में आगे बढ़ना है। ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने कहा कि हमीरपुर जिला में एम्स स्तर का आयुर्वेदिक संस्थान स्थापित करने के प्रयास जारी हैं। इसके लिए हिमाचल प्रदेश ने बोली लगाई है और उम्मीद है कि यह संस्थान प्रदेश को मिलेगा।
उन्होंने देश का पहला अलाइड हेल्थ केयर कॉलेज इसी वर्ष नादौन के करनडोला में शुरू करने की घोषणा की। इसके अलावा उन्होंने कहा कि पॉलिटेक्निक कॉलेज और आईटीआई में न्यू एज कोर्स शुरू किए जाएंगे, ताकि विद्यार्थियों को आधुनिक शिक्षा के साथ रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध हो सकें। मुख्यमंत्री ने नादौन विधानसभा क्षेत्र की जनता का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उन्हें यहां किसी तरह की चिंता करने की जरूरत नहीं है।
नादौन के लोगों ने उन्हें हमेशा भरपूर स्नेह और समर्थन दिया है और इसकी बदौलत वह मुख्यमंत्री के पद तक पहुंचे हैं। उन्होंने कहा कि आने वाला चुनाव प्रदेश के अधिकारों और हितों का चुनाव होगा तथा जनता का सहयोग कांग्रेस सरकार को मिलेगा। मुख्यमंत्री ने नादौन स्थित रैल में दो करोड़ रुपये की लागत से निर्मित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के भवन का उद्घाटन किया।
इसके अलावा उन्होंने 2.10 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित किए जाने वाले राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय रैल के भवन तथा 9.43 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित होने वाले राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान नादौन के अतिरिक्त भवन खंड का शिलान्यास भी किया। इससे पहले, मुख्यमंत्री ने रैल में जन स्वास्थ्य शिविर का शुभारंभ और पौधरोपण भी किया।
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💡 पृष्ठभूमि (Background)
मुख्यमंत्री ने भाजपा सांसदों और विधायकों पर केंद्र सरकार के समक्ष हिमाचल प्रदेश के हितों के लिये प्रभावी पैरवी नहीं करने का आरोप लगाया है। यह विषय राज्य की राजनीतिक गतिशीलता और केंद्र-राज्य संबंधों को दर्शाता है। खबर महत्वपूर्ण है क्योंकि हिमाचल में हाल ही में हुई आपदाओं के बाद केंद्र सरकार से सहायता की अपेक्षा की जा रही है, और मुख्यमंत्री का आरोप राजनीतिक दबाव बढ़ा सकता है। आम जनता पर असर यह हो सकता है कि सहायता के दावों में देरी या कमी हो सकती है, जिससे राहत कार्य प्रभावित हो सकते हैं और लोगों