Pakistan को मिला चीन का फ्लाइंग टैंक, भारत के अपाचे के आगे टिक पाएगा?

कंगाली की कगार पर खड़ा पाकिस्तान अपनी सेना को मजबूत करने के लिए पूरी तरह चीन की गोद में जाकर बैठ गया है। खबर है कि पाकिस्तानी सेना ने चीन के सबसे घातक अटैक हेलीकॉप्टर Z10 एमई को अपने बेड़े में शामिल कर लिया है। चीन का दावा है कि यह हेलीकॉप्टर अमेरिकी अपाचे को टक्कर देता है।
ऐसे में सवाल यह उठता है कि क्या चीन का यह नया हथियार भारतीय वायुसेना और सेना के सबसे घातक शिकारी अपाचे हेलीकॉप्टर के सामने टिक पाएगा। पाकिस्तान को चीन से एक नया खिलौना मिल गया है। नाम है Z10 एमme। यह चीन का वो मीडियम वेट अटैक हेलीकॉप्टर है जिसे वो दुनिया के सामने अमेरिकी अपाचे के ऑप्शन के तौर पर पेश करता रहा है।
पाकिस्तानी सेना काफी समय से एक आधुनिक अटैक हेलीकॉप्टर की तलाश में थी। इसके लिए उसने सबसे पहले अमेरिकी एए वन जेड हेलीकॉप्टर की खरीद को लेकर समझौता किया था। हालांकि बाद में यह समझौता अटक गया और अमेरिका ने डिलीवरी देने से मना कर दिया। इसके बाद पाकिस्तान ने तुर्की का रुख किया।
पाकिस्तान ने तुर्की के T129 अटैक हेलीकॉप्टर की खरीद में रुचि दिखाई। इसे भी पढ़ें: China को जिस बात का डर था, बांग्लादेश ने भारत का नाम लेकर वही कर दिया, सब हैरान! Z10 हेलीकॉप्टर कितना शक्तिशाली हैं लेकिन इसके प्रदर्शन पर सवाल उठने के बाद बातचीत बंद हो गई।
आखिरकार हर बार की तरह चीन ने पाकिस्तान की झोली में अपना फ्लाइंग टैंक डाल दिया। सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या यह भारत के अपाचे के लिए चुनौती बनेगा? लॉन्ग बो रडार से लेस Z10 हेलीकॉप्टर छिपे रहकर भी ब्रिज लाइन यानी कि पहाड़ी चोटियों की कतार के ऊपर स्कैन कर सकता है।
वो स्टैंड ऑफ हथियार दागने से पहले बहुत कम दिखाई देता है और जवाबी हमले से बचने के लिए तुरंत इलाके की आड़ में नीचे आ जाता है। यह पीक एंड स्ट्राइक यानी देखकर हमला करने का तरीका भारत के एए 64 ई अपाचे हेलीकॉप्टर बेड़े के साथ सैन्य अंतर को कम करता है। लेकिन चीनी हेलीकॉप्टर कॉम्बैट प्रूवन नहीं है।
इसका मतलब यह है कि उनका किसी युद्ध के दौरान इस्तेमाल नहीं किया गया है। जबकि अपाचे दुनिया भर के अलग-अलग देशों में अपनी ताकत दिखा चुका है। इसे भी पढ़ें: लाल किले से बोल रहे थे मोदी, इजरायल ने बड़ा खेल कर दिया! क्या यह भारत के अपाचे के लिए चुनौती बनेगा?
रक्षा एक्सपर्ट्स की मानें तो Z10 एमए के आने से पाकिस्तान की टैंक रोधी और ऊंचाई वाले इलाकों में लड़ने की क्षमता निश्चित तौर पर बढ़ी है। लेकिन जब मुकाबला भारत के अपाचे से होगा तो चीन की यह तकनीक बोनी नजर आएगी। अपाचे का मारक वजन Z10ME से करीब दो गुना है।
अपाचे में लगा लॉन्गबो रडार और हेल फायर मिसाइल इसे दुनिया का सबसे अचूक शिकारी बनाती है। सबसे बड़ी बात भारत के पास पहले से ही स्वदेशी प्रचंड हेलीकॉप्टर मौजूद है जो 15,000 फीट से ज्यादा की ऊंचाई पर यानी सियाचीन जैसे इलाकों में दुनिया का सबसे बेहतरीन परफॉर्मर है।
पाकिस्तान के इस चाल से भारतीय सेनाएं सतर्क जरूर हैं, लेकिन उनके हौसले और तकनीक के आगे चीन के Z10 का टिकना बेहद मुश्किल है।
📡 स्रोत: NewsData.io