अपराध

पाटन के 108 ग्राम पंचायतों में ‘‘साइबर जागृति अभियान’’ के तहत हुआ जागरुकता कार्यक्रम

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 30 सितंबर 2026 👁️ 1 बार पढ़ा गया
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
पाटन के 108 ग्राम पंचायतों में ‘‘साइबर जागृति अभियान’’ के तहत हुआ जागरुकता कार्यक्रम

दुर्ग, 29 सितंबर 2026

छत्तीसगढ़ पुलिस द्वारा चलाए जा रहे ‘‘साइबर जागृति अभियान’’ के तहत दुर्ग जिले के पाटन के एक सौ आठ ग्राम पंचायतों में जनजागरूकता कार्यक्रम चलाया जा रहा है। इस दौरान पुलिस द्वारा ग्रामीणों को साइबर ठगी के विभिन्न तरीकों, ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी और डिजिटल लेन-देन में आवश्यक सावधानियों की जानकारी दी जा रही है।

💡 पृष्ठभूमि (Background)

साइबर जागृति अभियान एक ऐसी पहल है जिसमें पुलिस और अन्य सरकारी निकाय ग्रामीणों को ऑनलाइन धोखाधड़ी, साइबर ठगी और डिजिटल लेन‑देन के जोखिमों के बारे में जागरूक करते हैं। यह कार्यक्रम पाटन के 108 ग्राम पंचायतों में चल रहा है, जहाँ नागरिकों को सुरक्षित इंटरनेट उपयोग के उपाय सिखाए जा रहे हैं। इस खबर का महत्व इसलिए है क्योंकि डिजिटल दुनिया में तेजी से बढ़ती धोखाधड़ी से ग्रामीण आबादी विशेष रूप से प्रभावित हो रही है, और उन्हें सही जानकारी न मिलने पर वित्तीय नुकसान हो सकता है। इस पहल से आम जनता को अपनी व्य

🎙️ वॉयस ऑफ क्रांति का मत

साइबर जागृति अभियान से यह स्पष्ट होता है कि डिजिटल दुनिया में भी सतर्कता और शिक्षा सबसे बड़ा हथियार है। जब ग्रामीणों को ठगी और धोखाधड़ी के तरीकों के बारे में बताया जाता है, तो वे अपनी संपत्ति और परिवार की रक्षा कर सकते हैं। यह कार्यक्रम हमें दिखाता है कि ज्ञान से ही अपराध का मुकाबला संभव है। चलिए हम सब मिलकर डिजिटल साक्षरता बढ़ाएँ, ताकि हर नागरिक सुरक्षित और सशक्त बन सके।

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Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan वॉयस ऑफ क्रांति के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।