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पीएम मोदी 8 सितंबर को करेंगे गुजरात-महाराष्ट्र का दौरा

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 11 सितंबर 2026 👁️ 1 बार पढ़ा गया
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
पीएम मोदी 8 सितंबर को करेंगे गुजरात-महाराष्ट्र का दौरा

सितंबर 07, नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 8 सितंबर 2026 को गुजरात और महाराष्ट्र का दौरा करेंगे। दोपहर करीब 12 बजे वे वडोदरा में ₹35,000 करोड़ से ज्यादा की कई विकास परियोजनाओं की आधारशिला रखेंगे, उनका उद्घाटन करेंगे और उन्हें देश को समर्पित करेंगे। इस दौरान प्रधानमंत्री लोगों को संबोधित भी करेंगे।शाम करीब 5:45 बजे प्रधानमंत्री मुंबई में ग्लोबल फिनटेक फेस्ट (GFF) 2026 का उद्घाटन करेंगे और लोगों को संबोधित करेंगे।वडोदरा में पीएम मोदीप्रधानमंत्री वेस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (WDFC) के तीन अहम सेक्शन देश को समर्पित करेंगे।

ये सेक्शन 326 रूट किलोमीटर में फैले हैं और इन्हें ₹20,700 करोड़ से ज्यादा की लागत से बनाया गया है। इनमें साणंद (N)-मकरपुरा, न्यू उमरगांव-न्यू सफाले और न्यू सफाले-JNPT सेक्शन शामिल हैं।इन सेक्शन के शुरू होने से जवाहरलाल नेहरू पोर्ट अथॉरिटी (JNPA) की सीधी कनेक्टिविटी मिलेगी। इससे सामान की आवाजाही तेज होगी, औद्योगिक केंद्रों और बंदरगाहों के बीच कनेक्टिविटी बेहतर होगी और लॉजिस्टिक्स लागत कम होगी।

इससे मुंबई के रेलवे नेटवर्क पर भीड़ कम करने में भी मदद मिलेगी।इन सेक्शन के शुरू होने के बाद डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (DFC) नेटवर्क अपनी पूरी लंबाई में पूरी तरह काम करने लगेगा। इससे देश में सामान की आवाजाही आसान होगी, ट्रांजिट समय कम होगा और मल्टीमॉडल कनेक्टिविटी बेहतर होगी।प्रधानमंत्री न्यू साणंद (नॉर्थ), न्यू मकरपुरा, न्यू उमरगांव और न्यू JNPT, मुंबई से मालगाड़ी सेवाओं को हरी झंडी दिखाएंगे।

इसके अलावा, वे वडोदरा और टांडा रोड के बीच नई ट्रेन सेवा को भी हरी झंडी दिखाएंगे। इससे वडोदरा, छोटा उदयपुर और अलीराजपुर जिलों के लोगों को फायदा होगा।प्रधानमंत्री छोटा उदयपुर-धार प्रोजेक्ट के तहत बनी जोबाट-टांडा रोड नई रेल लाइन को देश को समर्पित करेंगे। इससे अलीराजपुर के दूर-दराज और आदिवासी इलाकों को राष्ट्रीय रेल नेटवर्क से जोड़ा जाएगा।प्रधानमंत्री 329 किलोमीटर लंबी तीन रेलवे परियोजनाओं की आधारशिला रखेंगे।

इनकी लागत ₹9,700 करोड़ से ज्यादा है। इनमें वडोदरा-रतलाम तीसरी और चौथी लाइन, मियागाम करजन-चोरंडा-मलसार गेज कन्वर्जन और विश्वामित्री-डभोई डबलिंग प्रोजेक्ट शामिल हैं।इन परियोजनाओं से यात्रियों और माल ढुलाई की क्षमता बढ़ेगी, भीड़ कम होगी और गुजरात और मध्य प्रदेश के बीच कनेक्टिविटी बेहतर होगी।प्रधानमंत्री करीब ₹1,780 करोड़ की लागत वाले तीन नेशनल हाईवे प्रोजेक्ट्स की आधारशिला भी रखेंगे।

इनमें NH-48 के कामरेज-चलथान सेक्शन को छह लेन का बनाना, NH-48 के वडोदरा-सूरत सेक्शन पर तापी और नर्मदा नदियों पर बड़े पुलों सहित अतिरिक्त संरचनाएं बनाना और NH-53 पर अभावा, मिंडहोला और खाजोद जंक्शनों पर ग्रेड-सेपरेटेड संरचनाएं बनाना शामिल है।इसके अलावा, प्रधानमंत्री NH-48 के वडोदरा-सूरत सेक्शन पर कंडारी चौकड़ी और लुवारा पाटिया में छह लेन वाले फ्लाईओवर का उद्घाटन करेंगे।

इनसे सड़क सुरक्षा बेहतर करने और 'ब्लैक स्पॉट' यानी दुर्घटना संभावित जगहों की समस्या को दूर करने में मदद मिलेगी।प्रधानमंत्री गुजरात सरकार के करीब ₹2,600 करोड़ के अलग-अलग प्रोजेक्ट्स की आधारशिला रखेंगे और उनका उद्घाटन करेंगे। इनमें वडोदरा अर्बन डेवलपमेंट अथॉरिटी रिंग रोड फेज II, कडाना बांध पर 110 MW का फ्लोटिंग सोलर प्रोजेक्ट और वडोदरा म्युनिसिपल कॉरपोरेशन के नए ऑफिस का निर्माण शामिल है।इनके अलावा प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY) के तहत हाउसिंग प्रोजेक्ट्स और पूर्वी वडोदरा के 11 गांवों के लिए पानी की सप्लाई के प्रोजेक्ट का उद्घाटन भी करेंगे।मुंबई में पीएम मोदीप्रधानमंत्री मुंबई में ग्लोबल फिनटेक फेस्ट (GFF) 2026 का उद्घाटन करेंगे।

यह दुनिया के सबसे बड़े और प्रभावशाली सालाना फिनटेक सम्मेलनों में से एक है।GFF का सातवां संस्करण 8 से 11 सितंबर 2026 तक मुंबई में आयोजित किया जा रहा है। 2020 से GFF एक इंटरनेशनल 'थॉट लीडरशिप' प्लेटफॉर्म के रूप में सामने आया है। इसमें पॉलिसी बनाने वाले, रेगुलेटर्स, सेंट्रल बैंक, फाइनेंशियल संस्थान, फिनटेक और टेक्नोलॉजी कंपनियां, निवेशक, शिक्षाविद और दूसरे ग्लोबल स्टेकहोल्डर्स शामिल होते हैं।GFF 2026 की थीम है, "Potential to Impact: Agentic AI, Tokenisation, Quantum - Trusted, Connected, Global Systems for Inclusive Finance" यानी असर डालने की क्षमता: एजेंटिक AI, टोकनाइज़ेशन, क्वांटम - समावेशी वित्त के लिए भरोसेमंद, जुड़े हुए और वैश्विक सिस्टम।GFF 2026 में पॉलिसी, रेगुलेशन, टेक्नोलॉजी, कैपिटल और इंडस्ट्री को एक ही प्लेटफॉर्म पर लाया जाएगा।

इसका मकसद डिजिटल पेमेंट और फाइनेंशियल इनक्लूज़न में भारत की लीडरशिप को आगे बढ़ाना और क्षमता को वास्तविक असर में बदलना है।कार्यक्रम में चर्चा होगी कि एजेंटिक AI, प्रोग्रामेबल फाइनेंस, क्वांटम टेक्नोलॉजी और दूसरी अहम व उभरती टेक्नोलॉजी दुनिया भर के नागरिकों, कंपनियों और अर्थव्यवस्थाओं के लिए भरोसेमंद, समावेशी और मापने योग्य नतीजे कैसे दे सकती हैं।

(File Photo: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी)

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Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan वॉयस ऑफ क्रांति के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।