पूर्वी यूपी में पहली बार पोल्ट्री कॉन्क्लेव होगा:नई तकनीक, रोजगार पर होगा मंथन; अपर मुख्य सचिव शामिल होंगे
पूर्वी उत्तर प्रदेश में पोल्ट्री उद्योग में नई तकनीकी अपनाने और रोजगार की संभावनाओं को बढ़ाने के उद्देश्य से पहली बार गोरखपुर पोल्ट्री कॉन्क्लेव का आयोजन होने जा रहा है। इस कॉन्क्लेव में आधुनिक कुक्कुट पालन, उत्पादन और आय वृद्धि को लेकर व्यापक चर्चा होगी।
पशुपालन विभाग के तत्वावधान में यह आयोजन रविवार (23 अगस्त) को योगिराज बाबा गंभीरनाथ प्रेक्षागृह में सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक होगा। कॉन्क्लेव में अपर मुख्य सचिव मुकेश मेश्राम सहित पोल्ट्री सेक्टर के कई उद्यमी और विशेषज्ञ शामिल होंगे। पशुपालन विभाग के अपर निदेशक डॉ.
वेद प्रकाश के अनुसार प्रथम गोरखपुर पोल्ट्री कॉन्क्लेव में पोल्ट्री उद्योग के लिए शासन की योजनाओं की जानकारी तो दी ही जाएगी, साथ ही पोल्ट्री फार्मिंग की बारीकियों पर गहन मंथन किया जाएगा।
पोल्ट्री फार्मिंग में स्मार्ट टेक्नोलॉजी पर चर्चा होगी उन्होंने कहा कि यह कॉन्क्लेव पूर्वी उत्तर प्रदेश में अपनी तरह का पहला पोल्ट्री इंडस्ट्री प्लेटफार्म है। इसे पोल्ट्री किसानों, कारोबारियों, फीड निर्माताओं, पशु चिकित्सकों, निवेशकों और सरकारी संस्थाओं को एक मंच पर लाने के लिए बनाया गया है।
कॉन्क्लेव में पोल्ट्री फार्मिंग में स्मार्ट टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल और रिन्यूएबल फीड मॉडल पर चर्चा होगी। इसका उद्देश्य पोल्ट्री के क्षेत्र में बेहतरीन काम को बढ़ावा देना, नई सोच और टिकाऊपन लाना, और पूर्वी भारत के उभरते हुए पोल्ट्री हब गोरखपुर के लिए नए मौके बनाना है।
सरकारी सब्सिडी और बैंक फाइनेंस पर सेशन होगा गोरखपुर तेजी से पूर्वी भारत के कॉमर्शियल पोल्ट्री हब के तौर पर उभर रहा है। इस कॉन्क्लेव को इस विकास को और तेज करने के लिए डिजाइन किया गया है।
इसमें पक्षियों की सेहत और बायो-सिक्योरिटी पर टेक्निकल सेमिनार, फीड टेक्नोलॉजी और स्मार्ट इक्विपमेंट की प्रदर्शनी, सरकारी सब्सिडी और बैंक फाइनेंस पर सेशन, और व्यवस्थित बी टू बी नेटवर्किंग शामिल हैं। इस आयोजन में उन लीडर्स से भी मिलने का मौका मिलेगा जो गोरखपुर और उसके बाहर पोल्ट्री सेक्टर के भविष्य को आकार दे रहे हैं।
इसको लेकर विभाग की ओर से तैयारी जोरों पर है।
📡 स्रोत: NewsData.io