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राजस्थान: यूरिया और डीएपी, वितरण व्यवस्था में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं : कृषि आयुक्त, प्रदेश में उर्वरक आपूर्ति एवं वितरण व्यवस्था की समीक्षा

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 13 अक्टूबर 2026
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
राजस्थान: यूरिया और डीएपी, वितरण व्यवस्था में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं : कृषि आयुक्त, प्रदेश में उर्वरक आपूर्ति एवं वितरण व्यवस्था की समीक्षा

जयपुर, 13 अक्टूबर। राज्य के कृषि आयुक्त नरेश कुमार गोयल ने कहा कि किसानों को उनकी वास्तविक आवश्यकता के अनुरूप समय पर उर्वरक उपलब्ध कराना विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि यूरिया एवं डीएपी का जिलेवार आवंटन संबंधित क्षेत्रों की वास्तविक खपत, फसलों की आवश्यकता एवं मांग के अनुरूप किया जाए, ताकि किसी भी जिले में उर्वरकों की अनावश्यक कमी अथवा असंतुलित वितरण की स्थिति उत्पन्न नहीं हो। कृषि आयुक्त

मंगलवार को प्रदेश में रबी सीजन में उर्वरकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने को लेकर वीसी के माध्यम से राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक ले रहे थे। उनके साथ राजफैड के प्रबंध निदेशक सौरभ स्वामी भी मौजूद रहे। बैठक में प्रदेशभर में उर्वरकों की उपलब्धता, आवंटन, आपूर्ति एवं वितरण व्यवस्था की विस्तृत समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों एवं उर्वरक आपूर्तिकर्ता कम्पनियों को आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए गए।

उन्होंने कहा कि उर्वरक वितरण व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, प्रभावी एवं किसान हितैषी बनाया जाए। किसानों को उर्वरक प्राप्त करने के लिए अनावश्यक परेशानी का सामना नहीं करना पड़े तथा उन्हें निकटतम वितरण केन्द्रों पर आसानी से उर्वरक उपलब्ध हो सके।

गोयल ने स्पष्ट निर्देश दिए कि किसानों को यूरिया एवं डीएपी के साथ अन्य उत्पादों की अनिवार्य खरीद के लिए बाध्य नहीं किया जाए। उर्वरकों की बिक्री में किसी भी प्रकार की अवांछित टैगिंग नहीं होनी चाहिए। किसानों को उनकी मांग एवं आवश्यकता के अनुसार बिना किसी अतिरिक्त शर्त के उर्वरक उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जाए।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि उर्वरक वितरण केन्द्रों की नियमित निगरानी की जाए तथा किसानों को निर्धारित दरों पर सुगमता से उर्वरक उपलब्ध कराया जाए।

कृषि आयुक्त ने कहा कि किसानों के लिए आवंटित उर्वरकों का उपयोग कृषि कार्यों में ही सुनिश्चित किया जाए। उर्वरकों के अवैध भंडारण, गैर-कृषि कार्यों में डायवर्जन एवं कालाबाजारी की रोकथाम के लिए विभागीय अधिकारी विशेष सतर्कता बरतें। उर्वरकों की आपूर्ति से लेकर अंतिम वितरण तक प्रभावी निगरानी रखी जाए तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता सामने आने पर नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाए।

गोयल ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसानों को संतुलित उर्वरक उपयोग के प्रति व्यापक स्तर पर जागरूक किया जाए। उन्होंने कहा कि फसलों में आवश्यकता से अधिक यूरिया का प्रयोग करने के बजाय मृदा स्वास्थ्य एवं फसल की पोषक तत्वों की आवश्यकता के अनुरूप उर्वरकों के संतुलित उपयोग को प्रोत्साहित किया जाए।

राजफैड के प्रबंध निदेशक सौरभ स्वामी ने उर्वरकों की आपूर्ति एवं वितरण व्यवस्था की समीक्षा करते हुए कहा कि किसानों को समय पर उर्वरक उपलब्ध कराने के लिए कृषि एवं सहकारिता विभाग के अधिकारी आपसी समन्वय से कार्य करें।

उन्होंने निर्देश दिए कि उर्वरक आपूर्तिकर्ता कम्पनियां निर्धारित आवंटन के अनुरूप समयबद्ध आपूर्ति सुनिश्चित करें तथा जिला स्तर पर संबंधित अधिकारियों के साथ निरंतर समन्वय बनाए रखें।

बैठक में कृषि विभाग के खण्डीय एवं जिला स्तरीय अधिकारी, सहकारिता विभाग के समस्त जिला स्तरीय अधिकारी तथा यूरिया एवं डीएपी उर्वरक आपूर्तिकर्ता कम्पनियों के राज्य स्तरीय अधिकारियों ने वीसी सेटअप के माध्यम से भाग लिया।

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Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan वॉयस ऑफ क्रांति के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।