राज्य में 16 जिलों की ग्राम पंचायतों में सरपंचों और वॉर्ड पंचों के लिए मतदान सम्पन्न, 6 बजे तक प्रदेश में 80.09 प्रतिशत मतदान दर्ज, परिणाम देर रात तक होंगें जारी
ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ेंJoin करें →
जयपुर, 24 अक्टूम्बर। राज्य में पंचायतीराज संस्थानों के चुनाव के पहले चरण के तहत शनिवार को 16 जिलों की ग्राम पंचायतों के सरपंचों और वॉर्ड पंच पदों के लिए मतदान प्रक्रिया शाम 6 बजे सम्पन्न हुई। हालांकि इस समय तक मतदान केंद्र में प्रवेश करने वाले मतदाताओं को वोटिंग करवाई जाएगी।
राज्य में शाम 6 बजे तक के आंकड़ों तक 80.09 प्रतिशत मतदान हुआ। सबसे अधिक बाड़मेर की मांगता पंचायत समिति में 91.42 प्रतिशत तो सबसे कम पाली की रानी पंचायत समिति में 56.82 प्रतिशत मत दर्ज किया गया। अंतिम परिणाम जल्द ही निर्वाचन आयोग की ओर से जारी किया जाएगा। वहीं मतदान कुछ स्थानों पर छुट-पुट विवाद और हंगामे को छोड़कर शांतिपूर्ण रहा। मतदान ईवीएम के बजाय मतपत्रों से कराया गया।
गांवों की सरकार चुनने के लिए सुबह 7 बजे से मतदान शुरू हुआ। इसे लेकर ग्रामीणों में खासा उत्साह देखा गया। इस चरण में सरपंच पद के 3 हजार 314 और वार्ड पंच के 28 हजार 682 पदों के लिए वोट डाले गये। चुनाव मैदान में सरपंच पद के लिए करीब 25 हजार दावेदार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। सरपंच पद के लिए सबसे ज्यादा उम्मीदवार भीलवाड़ा जिले में और सबसे कम राजसमंद जिले में हैं।
राज्य निर्वाचन आयुक्त राजेश्वर सिंह ने आज चौमुं क्षेत्र के विभिन्न मतदान केंद्रों का निरीक्षण कर चुनाव व्यवस्थाओं का जायजा लिया। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि इस बार बैलेट पेपर से मतदान कराया गया है, जिनकी गिनती में समय लगेगा। परिणाम देर रात जारी होने की संभावना है।
💡 पृष्ठभूमि (Background)
ग्राम पंचायतों के सरपंचों और वॉर्ड पंचों के लिए मतदान 16 जिलों में सम्पन्न हुआ, जिससे पंचायती राज के पहले चरण की चुनावी प्रक्रिया आगे बढ़ी। यह चुनाव स्थानीय शासन को सुदृढ़ करने का एक महत्वपूर्ण कदम है, क्योंकि पंचायतें सीधे ग्रामीण विकास और सार्वजनिक सेवाओं के प्रबंधन में भूमिका निभाती हैं। उच्च मतदान प्रतिशत (80.09%) से यह स्पष्ट होता है कि नागरिकों की भागीदारी बढ़ रही है, जिससे चुनावी परिणामों में वैधता और प्रतिनिधित्व की विश्वसनीयता बढ़ती है। परिणाम आने पर नई पंचायतें ग्रामीण योजनाओं को लागू