विदेश

राज्यपाल श्री डेका ‘द्रोणाचार्य संगम-2026’ में हुए शामिल

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 8 सितंबर 2026
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
राज्यपाल श्री डेका ‘द्रोणाचार्य संगम-2026’ में हुए शामिल

बिलासपुर, 6 सितंबर 2026

राज्यपाल रमेन डेका शिक्षक दिवस के अवसर पर एसईसीएल-डीएवी पब्लिक स्कूल, वसंत विहार, बिलासपुर में आयोजित ‘द्रोणाचार्य संगम-2026’ में शामिल हुए। इस अवसर पर शिक्षकों के उत्कृष्ट योगदान का सम्मान किया गया तथा शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करने वाले शिक्षकों को विभिन्न श्रेणियों में सम्मानित किया गया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राज्यपाल रमेन डेका ने कहा कि समय का सही उपयोग जीवन में अत्यंत महत्वपूर्ण है। आज का दौर इंटरनेट और तकनीक का दौर है तथा बच्चे तेजी से एक ऐसी दुनिया में बड़े हो रहे हैं, जहां ज्ञान और सूचनाएं आसानी से उपलब्ध हैं। ऐसे में बच्चों और युवाओं को समय का सदुपयोग करते हुए सही दिशा में आगे बढ़ना चाहिए।

राज्यपाल ने कहा कि स्वतंत्रता के बाद देश के शिक्षा क्षेत्र में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। उन्होंने प्राचीन भारतीय शिक्षा व्यवस्था का उल्लेख करते हुए कहा कि पुराने समय में गुरुकुल परंपरा के माध्यम से गुरु विद्यार्थियों को शिक्षा और संस्कार प्रदान करते थे। समय के साथ शिक्षा व्यवस्था में व्यापक परिवर्तन हुए हैं और आज आधुनिक शिक्षा के साथ संस्कार एवं मूल्यों का समावेश भी आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों को संदेश देते हुए कहा कि परिश्रम करने वालों को निश्चित रूप से सफलता मिलती है। जीवन में निरंतर प्रयास करते रहना चाहिए और चुनौतियों से घबराना नहीं चाहिए।

’शिक्षा के विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय एवं उत्कृष्ट योगदान देने वाले शिक्षकों को सम्मानित’

इस अवसर पर आयोजित ‘द्रोणाचार्य संगम-2026’ में शिक्षा के विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय एवं उत्कृष्ट योगदान देने वाले शिक्षकों को सम्मानित किया गया। राज्यपाल ने विभिन्न श्रेणियों में सम्मानित शिक्षकों के समर्पण और उत्कृष्ट कार्यों की सराहना की। कार्यक्रम में एसईसीएल और डीएवी के बीच शिक्षा के क्षेत्र में स्थापित सहयोग और साझेदारी को भी महत्वपूर्ण बताया गया। ‘द्रोणाचार्य संगम-2026’ शिक्षकों के सम्मान, उनके अनुभवों के आदान-प्रदान और शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्टता को प्रोत्साहित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।

💡 पृष्ठभूमि (Background)

द्रोणाचार्य संगम-2026 एक शैक्षणिक कार्यक्रम है जिसमें शिक्षकों के उत्कृष्ट योगदान को सम्मानित किया जाता है। यह कार्यक्रम राज्यपाल रमेन डेका द्वारा आयोजित किया गया, जिससे शिक्षा के क्षेत्र में शिक्षकों की भूमिका को उजागर किया गया। इस खबर का महत्व इसलिए है क्योंकि यह शिक्षण क्षेत्र के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता और शिक्षकों के प्रति सम्मान को दर्शाती है। इस तरह के कार्यक्रम से शिक्षकों को प्रेरणा मिलती है और छात्रों के लिए शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार की उम्मीद जगती है। आम जनता को यह प्रेरणा देता ह

M
Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan वॉयस ऑफ क्रांति के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।