रायगढ़ में पति ने पत्नी की गला दबाकर की हत्या:साक्ष्य छिपाने शव को जलाकर आंगन में दफनाया, भाजी की सब्जी बनाने की बात पर घटना को दिया अंजाम, आरोपी गिरफ्तार
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिला में एक पति ने पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी। इसके बाद साक्ष्य छिपाने के लिए शव को जला दिया और आंगन में ही दफनाकर थाना में पत्नी की गुम होने की झुठी रिपोर्ट लिखाई। जब मामले में पुलिस ने जांच की, तो पूरे घटना से पर्दा उठ गया। मृतिका के हड्डी के डीएनए टेस्ट से गुम इंसान महिला की पुष्टि हुई।
जिसके बाद पुलिस ने आरोपी पति को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। मामला कापू थाना क्षेत्र का है। मिली जानकारी के मुताबिक 28 अप्रैल को ग्राम कुमा निवासी देवानंद सिदार 39 साल थाना कापू पहुंचा और अपनी पत्नी चमेली सिदार का 16 अप्रैल की रात करीब 8 बजे घर से बिना बताए कहीं चले जाने की रिपोर्ट दर्ज कराया।
मामले में पुलिस ने गुम इंसान दर्ज करते हुए जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस ने उसके पति देवनांद सिदार से पूछताछ की, तो पुलिस को उसके बयान से उस पर संदेह होने लगा। ऐसे में पुलिस ने गुम महिला के परिजनों व आसपास के लोगों से भी पूछताछ शुरू की।
तब गुम महिला के पिता बालसाय सिदार 65 साल निवासी मक्कापुर जिला जशपुर ने पुलिस को बताया कि चमेली उनकी सबसे छोटी बेटी थी और करीब चार साल पहले प्रेम संबंध के चलते देवानंद सिदार उसे अपने साथ कुमा ले गया था और पत्नी के रूप में साथ रखता था। दोनों की कोई संतान नहीं थी।
परिजनों को मामले की जानकारी हुई परिजनों ने बताया कि 18 अप्रैल को देवानंद उनके घर मक्कापुर आया और चमेली के वहां आने के संबंध में पूछताछ की थी। परिवार ने जब बताया कि चमेली वहां नहीं आई है तो वह वापस चला गया।
इसके बाद 28 अप्रैल को एक दूसरे गांव पर दशकर्म कार्यक्रम के दौरान उनके परिजनों को जानकारी मिली कि चमेली की हत्या कर उसके पति ने शव जला दिया है। मौके से जले हड्डियों के अवशेष बरामद किए जिसके बाद मामले में पुलिस ने मामले में मर्ग कायम कर जांच प्रारंभ की और एसडीओपी, एफएसएल अधिकारी व पुलिस की टीम मौके पर पहुंची।
जहां देवानंद के घर में जांच करते हुए घटनास्थल से जले हुए हड्डियों के अवशेष बरामद कर उसे जब्त किया और मृतिका के शव के अवशेषों का पंचनामा कर डॉक्टर द्वारा प्रिजर्व किए गए हड्डी के नमूने को डीएनएस परीक्षण के लिए भेजा गया।
हड्डी के DNA रिपोर्ट से हुई पुष्टि DNA रिपोर्ट में हड्डियों के अवशेष गुम महिला चमेली सिदार के होने की पुष्टि हुई। वैज्ञानिक साक्ष्य से हत्या की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने 23 अगस्त को आरोपी देवानंद सिदार के खिलाफ थाना कापू में अपराध धारा 103(1), 238(ए) भारतीय न्याय संहिता के तहत अपराध दर्ज किया गया।
अपराध दर्ज होने के बाद आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीम ने तत्काल मौके पर दबिश दी, लेकिन पुलिस की कार्रवाई की भनक लगते ही आरोपी फरार हो गया।
सब्जी बनाने की बात पर गला दबाकर मार दिया आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस टीम ने लगातार तीन दिनों तक गांव के बाहर कैम्प कर उसकी पतासाजी शुरू की और गांव से ही आरोपी को हिरासत में लिया गया।
पूछताछ में आरोपी ने पुलिस व परिजनों के समक्ष हत्या का अपराध स्वीकार करते हुए बताया कि 16 अप्रैल की रात भाजी की सब्जी बनाने की बात को लेकर उसकी पत्नी चमेली से उसका विवाद हुआ था। विवाद बढ़ने पर उसने चमेली के गले को मरोड़कर गला दबा दिया। जिससे उसकी मौत हो गई।
आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया हत्या के बाद घटना को छिपाने के लिए उसने शव को घर के आंगन में जलाया और हड्डियों के अवषेषों को जमीन में गड्ढा खोदकर पत्थर के नीचे दबा दिया। इसके बाद पुलिस को गुमराह करने के लिए पत्नी के गुम होने की झूठी रिपोर्ट दर्ज करा दी।
मामले का खुलासा होने के बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेला भेजा है।
📡 स्रोत: NewsData.io