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दो सदी पुरानी रस्म, आज भी वही जोश! पासी समाज का लट्ठ गरबा, गरबे के बाद एक-दूसरे को लगाते हैं रंग-गुलाल

लेखक: JKS News Desk अंतिम अपडेट: 31 अगस्त 2026
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
दो सदी पुरानी रस्म, आज भी वही जोश! पासी समाज का लट्ठ गरबा, गरबे के बाद एक-दूसरे को लगाते हैं रंग-गुलाल

Latth garba tradition: मध्य प्रदेश के बुरहानपुर में पासी समाज द्वारा 200 साल पुरानी परंपरा के तहत डांडिया की जगह लट्ठों से गरबा खेला जाता है. यह अनोखा आयोजन भुजरिया पर्व पर माता को प्रसन्न करने के लिए होता है, जिसमें बच्चे, युवा और बुजुर्ग सभी उत्साह से शामिल होते हैं.

भुजरियां पर्व पर लट्ठों से खेला जाने वाला यह गरबा आज बुरहानपुर की अनोखी सांस्कृतिक पहचान बन चुका है.

📡 स्रोत: News18 Hindi MP

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