सांसद सिकंदर कुमार ने नितिन गडकरी से की नादौन-होशियारपुर व कोहली-भगेड़ फोरलेन के त्वरित निर्माण की अपील
अगस्त 25, शिमला (हिमाचल प्रदेश): राज्यसभा सांसद एवं हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. (डॉ.) सिकंदर कुमार ने हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर संसदीय क्षेत्र एवं इसके सीमावर्ती इलाकों में लंबित दो महत्वपूर्ण राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं को लेकर केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी को जनहित और क्षेत्र के आर्थिक-सामाजिक विकास को गति देने के लिए नादौन-होशियारपुर और कोहली-भगेड़ फोरलेन खंड की औपचारिकताओं को जल्द पूरा कर धरातल पर निर्माण कार्य प्रारंभ करने का आग्रह किया है।
सांसद द्वारा केंद्रीय मंत्री से पत्र के माध्यम से आग्रह किया गया कि नादौन से पंजाब बॉर्डर (होशियारपुर) राष्ट्रीय राजमार्ग जिसकी की एलाइनमेंट लगभग तय हो चुकी है। करीब तीन माह पूर्व नादौन के समीप दर्ज आपत्तियों (objections) का निवारण कर संशोधित रिपोर्ट मंत्रालय को प्रेषित की जा चुकी है।
उस समय 15 दिनों के भीतर एलाइनमेंट को अंतिम स्वीकृति देने का आश्वासन मिला था, लेकिन वर्तमान में यह फाइल मंत्रालय में लंबित है और आधिकारिक पोर्टल पर भी इसका स्टेटस अपडेट नहीं हुआ है।
इससे संबंधित मंत्री महोदय के माध्यम से अधिकारियों को त्वरित स्वीकृति प्रदान करने और पोर्टल अद्यतन करने के निर्देश देने की मांग की है लगभग 40 किलोमीटर का यह हिस्सा हमीरपुर क्षेत्र की जीवनरेखा है।
यह न केवल हमीरपुर को चंडीगढ़ व दिल्ली से सबसे कम दूरी के मार्ग से जोड़ता है, बल्कि पालमपुर, जोगिंदर नगर, सरकाघाट व संधोल की ओर जाने वाले व्यापक ट्रैफिक के लिए रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण है।
डॉ. कुमार ने अवगत कराया कि शिमला-मटौर फोरलेन के अन्य पैकेज प्रगति पर हैं, किंतु इस खंड की तीन अलग-अलग डीपीआर (DPR) तैयार होने के बावजूद अंतिम निर्णय लंबित होने से परियोजना अनावश्यक रूप से विलंबित हो रही है।
उन्होंने तीनों डीपीआर में से श्रेष्ठ एवं व्यावहारिक एलाइनमेंट पर शीघ्र निर्णय लेकर इसे तुरंत प्रभाव से स्वीकृत (Sanction) करने का आग्रह किया है। डॉ. सिकंदर कुमार ने केंद्रीय मंत्री के कुशल नेतृत्व में देश भर में हुए आधारभूत ढांचे के ऐतिहासिक विस्तार की सराहना की।
उन्होंने पूर्ण विश्वास जताया कि हिमाचल प्रदेश की इन दोनों महत्वाकांक्षी परियोजनाओं को मंत्रालय की ओर से विशेष प्राथमिकता प्राप्त होगी और सभी शेष औपचारिकताओं को समयबद्ध सीमा में पूरा करवाकर निर्माण कार्य अतिशीघ्र शुरू किया जाएगा।