सौहार्द, सामंजस्य तथा सदस्यों के सहयोग से चलता है सदन: पठानिया
अगस्त 21, शिमला (हिमाचल प्रदेश): मॉनसून सत्र के प्रथम दिन की कार्यवाही आरम्भ होने से पूर्व कान्वेंट ऑफ जीजस एडं मैरी, शेलेडे, वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला दिओट तहसील चौपाल के लगभग 104 छात्र छात्राओं ने आज विधान सभा की कार्यवाही देखने से पूर्व हि.प्र. विधान सभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया से कौंसिल चैम्बर के गेट नं. 1 पर मुलाकात की।
छात्रों ने विधान सभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानियां से सदन की कार्यवाही, विधान सभा की कार्यप्रणाली स्पीकर की सदन में भूमिका, विधान सभा का गठन, मन्त्रिपरिषद के गठन सम्बन्धी कई प्रश्न पूछे जिसका उन्होने सिलसिलेवार जवाब भी दिया।
संवाद के दौरान उन्होने कहा कि हमारी संसदीय व्यवस्था संघीय ढाँचे पर आधारित है जो केन्द्र व राज्य के रूप में राष्ट्रीय व राज्य स्तर पर व्यवस्था के अनुरूप बनती है। केन्द्र में संसद है जिसमें ऊपरी सदन राज्य सभा तथा निचला सदन लोक सभा है जबकि राज्यों में विधान परिषद तथा विधान मण्डल हैं।
विधान परिषद का प्रावधान सिर्फ बड़े राज्यों में है। पठानिया ने कहा कि वह चौदहवीं विधान सभा के सर्वसम्मति से निर्वाचित अध्यक्ष हैं। उनका प्रमुख कार्य विधान सभा की कार्यवाही का संचालन करना होता है जिसके लिए वह सत्ता पक्ष तथा प्रति पक्ष दोनों का सहयोग लेते हैं ताकि सदन की कार्यवाही निर्विघ्न चलती रहे।
कानून की पढ़ाई करने वाले छात्रों की ओर इशारा करते हुए पठानियां ने कहा कि आप आने वाले अधिवक्ता तथा न्यायधीश हैं। आप देश के भविष्य हैं तथा इस देश की आजादी लोकतांत्रिक प्रणाली तथा कानून व्यवस्था को उच्च स्तर पर रखना आप सभी की जिम्मेवारी है।
पठानिया ने संवाद के दौरान कहा कि देश आजाद कराने में जिन स्वतंत्रता सैनानियों ने अपनी भूमिका निभाई है वह अधिकतर वैरिस्टर थे। मोती लाल नेहरू, विठ्ठलभाई पटेल, जवाहर लाल नेहरू, सरदार पटेल तथा डॉ. राजेन्द्र प्रसाद जैसे सरीखे नेता इसके ज्वलंत उदाहरण हैं।
पठानिया ने छात्रों को सम्बोधित करते हुए कहा कि हमारे सदन की हमेश ही उच्च परम्परा तथा गरिमा रही है जिसे विठ्ठलभाई पटेल ने राष्ट्रीय असैम्बली के प्रथम निर्वाचित अध्यक्ष के रूप में सुशोभित कर स्थापित करने का सफल प्रयास किया था। आज भी हि०प्र० विधान मण्डल की पूरे देश में चर्चा होती है।
इस अवसर पर पठानियां ने सभी छात्र छात्राओं को अपनी ओर से हार्दिक शुभकामनाएं दी तथा सभी को सदन की कार्यवाही देखने के लिए आमंत्रित किया। इस अवसर उप मुख्य सचेतक हि0प्र0 सरकार केवल सिंह पठानियां भी विशेष रूप से मौजूद थे।