शिकायत का जवाब समाधान से नहीं, मारपीट से मिला, देखें वीडियो
बंडा की ग्राम पंचायत बरा में विद्युत कर्मचारियों पर सरपंच प्रतिनिधि से बदसलूकी और मारपीट के आरोप
सागर/बंडा। मध्यप्रदेश में सरकारी महकमे की कार्यप्रणाली को लेकर एक और गंभीर मामला सामने आया है। बंडा विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत बरा में सरपंच प्रतिनिधि लक्ष्मण सिंह लोधी के साथ विद्युत मंडल के कर्मचारियों द्वारा कथित तौर पर मारपीट किए जाने का मामला सामने आया है।
बताया जा रहा है कि गांव की विद्युत समस्या को लेकर शिकायत किए जाने के बाद विवाद की स्थिति बनी और सरपंच प्रतिनिधि के साथ कथित रूप से बर्बरता की गई। घटना ने सरकारी व्यवस्था और आम नागरिक की शिकायतों के निराकरण को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
आख़िर शिकायत करना भी अब गुनाह है?
अगर किसी गांव में बिजली की समस्या है तो उसकी शिकायत करना ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों का लोकतांत्रिक अधिकार है। सवाल यह है कि शिकायत का जवाब समाधान से दिया जाएगा या कथित मारपीट से? घटना के आरोपों की निष्पक्ष जांच और दोषी पाए जाने वालों पर कार्रवाई की मांग उठ रही है।
साथ ही यह भी सवाल सामने है कि क्या विद्युत विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों ने पूरे मामले की जानकारी ली है?
मुख्यमंत्री और ऊर्जा मंत्री से सवाल
प्रदेश के मुख्यमंत्री और ऊर्जा मंत्री को सरकारी योजनाओं के प्रचार और वीडियो से आगे बढ़कर गांवों की जमीनी हक़ीक़त का भी जायज़ा लेना चाहिए। अगर एक जनप्रतिनिधि का प्रतिनिधि ही सरकारी कर्मचारियों के कथित दुर्व्यवहार का शिकार होता है, तो आम ग्रामीण अपनी शिकायत लेकर आखिर किस दरवाज़े पर दस्तक देगा?
सरकार से सवाल साफ़ है—शिकायत का रास्ता खुलेगा या शिकायतकर्ता के लिए ख़ौफ़ का माहौल बनेगा?