सोलर पंप का पैनल खराब, दो दिन से पेयजल आपूर्ति है बंद
ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ेंJoin करें →भास्कर न्यूज | पटना नगर पंचायत पटना के वार्ड क्रमांक 7 में स्थित सोलर पंप का पैनल खराब होने के कारण पिछले दो दिनों से पेयजल आपूर्ति बंद है। इससे ग्रामीणों के साथ स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों और स्टाफ सहित करीब 400 लोगों के सामने पेयजल संकट उत्पन्न हो गया है। ग्रामीणों का आरोप है कि सोलर पंप खराब होने की जानकारी नगर पंचायत के अधिकारियों और कर्मचारियों को होने के बावजूद इसे सुधारने के लिए गंभीरता नहीं दिखाई जा रही है।
पेयजल आपूर्ति बंद होने के कारण ग्रामीणों और एसएसडीएस इंग्लिश मीडियम स्कूल प्रबंधन को पानी के लिए परेशान होना पड़ रहा है। सोलर पंप से होने वाली जलापूर्ति पर निर्भर ग्रामीण पीने और निस्तार के लिए वार्ड में निजी ट्यूबवेल वाले लोगों के घरों से पानी भरकर काम चला रहे हैं। इससे ग्रामीणों को रोजमर्रा के काम के लिए भी दूसरे स्थानों से पानी लाना पड़ रहा है।
ग्रामीणों के अनुसार वार्ड में पेयजल आपूर्ति के लिए दो सोलर पंप लगाए गए हैं। इनमें से पैनल खराब होने के कारण आपूर्ति प्रभावित हुई है। वहीं, कुछ महीने पहले एक शासकीय बोर भी कराया गया है, लेकिन अभी तक इस बोर को पेयजल आपूर्ति की पाइपलाइन से नहीं जोड़ा गया है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि शासकीय बोर को पाइपलाइन से जोड़ दिया जाता तो वार्ड में सभी घरों तक आसानी से पेयजल पहुंचाया जा सकता था।
वार्ड के अधिकांश ग्रामीण सोलर पंप से होने वाली पेयजल आपूर्ति पर निर्भर हैं। ऐसे में पंप खराब होने के बाद वैकल्पिक व्यवस्था नहीं होने से समस्या बढ़ गई है। ग्रामीणों ने नगर पंचायत से खराब सोलर पंप का पैनल तत्काल सुधारने तथा शासकीय बोर को पाइपलाइन से जोड़कर स्थायी पेयजल व्यवस्था करने की मांग की है।
📡 स्रोत: NewsData.io
🎙️ वॉयस ऑफ क्रांति का मत
सोलर पंप की खराबी से 400 लोगों को पानी की कमी का सामना करना पड़ा, यह दिखाता है कि बुनियादी सुविधाओं की देखभाल में अनदेखी कितनी गंभीर परिणाम दे सकती है। जब कोई समस्या उत्पन्न हो, तो तुरंत सूचना देकर त्वरित समाधान की मांग करनी चाहिए, ताकि सभी का कल्याण सुनिश्चित हो सके। यह अनुभव हमें सिखाता है कि जिम्मेदारी और संवाद से आपात स्थिति को टाला जा सकता है, और समाज में विश्वास और सहयोग की नींव मजबूत होती है।