देश

सुरक्षित मातृत्व और बेहतर स्वास्थ्य: प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना से छत्तीसगढ़ की गर्भवती महिलाओं को मिल रहा आर्थिक संबल

लेखक: JKS News Desk अंतिम अपडेट: 2 सितंबर 2026
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
सुरक्षित मातृत्व और बेहतर स्वास्थ्य: प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना से छत्तीसगढ़ की गर्भवती महिलाओं को मिल रहा आर्थिक संबल

मातृ मृत्यु दर (MMR) और शिशु मृत्यु दर (IMR) को कम करने तथा गर्भवती एवं धात्री (स्तनपान कराने वाली) महिलाओं के पोषण स्तर में सुधार लाने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ में प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना (PMMVY) का क्रियान्वयन प्रभावी ढंग से किया जा रहा है। ‘डबल इंजन सरकार’ की इस कल्याणकारी पहल के माध्यम से राज्य के ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों की पात्र महिलाओं को गर्भावस्था के दौरान बेहतर स्वास्थ्य देखभाल, नियमित जांच और पौष्टिक आहार के लिए सीधे बैंक खातों में वित्तीय सहायता प्रदान की जा रही है।

योजना का मुख्य ध्येय यह सुनिश्चित करना है कि आर्थिक तंगी के कारण किसी भी महिला का स्वास्थ्य और उसके नवजात शिशु का पोषण प्रभावित न हो।

वित्तीय सहायता की किश्तें और राशि का विवरण प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के अंतर्गत पात्र महिलाओं को प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) के माध्यम से दो अलग-अलग परिस्थितियों में आर्थिक सहायता दी जाती है: संतान की स्थिति सहायता राशि मुख्य उद्देश्य व शर्तें पहले बच्चे के जन्म पर ₹5,000 गर्भावस्था का पंजीकरण, कम से कम एक प्रसव पूर्व जांच (ANC) और बच्चे के जन्म का पंजीकरण।

दूसरी संतान (बेटी होने पर) ₹6,000 कन्या भ्रूण हत्या को रोकने और बालिकाओं के जन्म को बढ़ावा देने के लिए एकमुश्त वित्तीय सहायता। यह सहायता राशि सीधे लाभार्थी महिला के आधार से जुड़े बैंक खाते में स्थानांतरित की जाती है, जिससे प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता बनी रहती है।

स्वास्थ्य जांच और पोषण संबंधी आवश्यकताओं में मददगार गर्भावस्था के दौरान महिलाओं को काम से आराम लेने और अपने तथा अपने होने वाले बच्चे के स्वास्थ्य पर ध्यान देने की आवश्यकता होती है।

योजना से प्राप्त वित्तीय राशि का उपयोग महिलाएं निम्नलिखित प्राथमिकताओं के लिए करती हैं: सारंगढ़-बिलाईगढ़ की शकुंतला सिंदार ने साझा की अपनी कहानी योजना के प्रभाव को दर्शाते हुए सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले की लाभार्थी शकुंतला सिंदार ने अपना अनुभव साझा किया।

शकुंतला ने बताया: “जब मैं पहली बार गर्भवती हुई, तब मैंने आंगनवाड़ी केंद्र जाकर अपनी जांच करवाई। वहां आंगनवाड़ी कार्यकर्ता ने मुझे ‘प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना‘ के बारे में जानकारी दी और मेरा फॉर्म भराया।

पहली जांच पूरी होने पर मुझे ₹3,000 की पहली किस्त मिली और बच्चे के जन्म के बाद ₹2,000 की दूसरी किस्त भी प्राप्त हो गई।

इस राशि से मुझे गर्भावस्था के दौरान आवश्यक दवाइयां और पौष्टिक भोजन लेने में बहुत मदद मिली।” आवेदन प्रक्रिया और आवश्यक दस्तावेज छत्तीसगढ़ में योजना का लाभ उठाने के लिए पात्र महिलाएं अपने नजदीकी आंगनवाड़ी केंद्र या स्वास्थ्य केंद्र में संपर्क कर सकती हैं।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना छत्तीसगढ़ में ‘स्वस्थ मां-स्वस्थ शिशु’ के संकल्प को साकार कर रही है। गर्भावस्था के दौरान समय पर वित्तीय सहायता और सही पोषण मिलने से नवजात शिशुओं के स्वस्थ भविष्य का निर्माण हो रहा है।

यह योजना न केवल महिलाओं को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक कर रही है, बल्कि समाज में बालिकाओं के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण को भी बढ़ावा दे रही है। The post सुरक्षित मातृत्व और बेहतर स्वास्थ्य: प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना से छत्तीसगढ़ की गर्भवती महिलाओं को मिल रहा आर्थिक संबल appeared first on See Positive .

📡 स्रोत: NewsData.io

📰 पूरी खबर पढ़ें (NewsData.io पर जाएं)
J
JKS News Desk

वॉयस ऑफ क्रांति की संपादकीय टीम आपके लिए भोपाल, मध्यप्रदेश और देश की सटीक और विश्वसनीय समाचार प्रस्तुत करती है।