स्वच्छ वायु सर्वेक्षण-2026 में पटना को देश में 16वां स्थान:वार्डस्तरीय मूल्यांकन में भी वार्ड 9 और 43 को 40 लाख रुपए के पुरस्कार मिले
ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ेंJoin करें →स्वच्छ वायु सर्वेक्षण-2026 में देश के 10 लाख से ज्यादा आबादी वाले 48 शहरों में पटना को 16वां स्थान मिला है। कुल 37 मापदंडों पर हुए मूल्यांकन में पटना को 178 अंक मिले। पिछले साल 164.5 अंकों के साथ पटना 27वें पायदान पर था। सर्वे के तहत पहली बार वार्ड स्तरीय मूल्यांकन में भी पटना नगर निगम को दो पुरस्कार मिले हैं।
वार्ड-9 और 43 को 40 लाख रुपए की पुरस्कार राशि मिली है। इसे संबंधित वार्डों में वायु प्रदूषण नियंत्रण, हरियाली बढ़ाने एवं पर्यावरण सुधार से जुड़े कार्यों पर खर्च किया जाएगा। इन वार्डों ने हरियाली, पौधरोपण, नियमित कचरा संग्रहण, बेहतर सड़क व्यवस्था, मुख्य सड़कों की स्वीपिंग मशीनों से सफाई, निर्माण एवं विध्वंस अपशिष्ट का प्रबंधन, स्वच्छता व्यवस्था तथा जन-जागरुकता मानकों पर बेहतर प्रदर्शन व प्रबंधन किया है।# तीन श्रेणियों में मूल्यांकन स्वच्छ वायु सर्वेक्षण के तहत पहली बार वार्ड स्तर पर मूल्यांकन हुआ।
23 राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों के वार्डों को जनसंख्या के आधार पर तीन श्रेणियों में बांटा गया था। श्रेणी-1 में 30 हजार से अधिक आबादी वाले वार्डों का मूल्यांकन हुआ। पटना नगर निगम के वार्ड-43 ने राज्यस्तर पर पहला स्थान पाया है। बांकीपुर अंचल अंतर्गत वार्ड 43 के लिए निगम को 25 लाख का पुरस्कार मिला है।
इस राशि का उपयोग राजेंद्रनगर, महमूदी चक, मैला टंकी रोड, आर्य कुमार रोड, पाटलिपुत्र पथ आदि में वायु प्रदूषण कम करने पर किया जाएगा। श्रेणी-2 में 10 से 30 हजार की आबादी वाले वार्ड रहे। इसमें पाटलिपुत्र अंचल के वार्ड-9 ने राष्ट्रीय स्तर पर शीर्ष 9 वार्डों में स्थान बनाया। राज्यस्तर पर प्रथम स्थान हासिल किया।
निगम को 15 लाख रुपए का पुरस्कार मिला है। इस राशि का उपयोग एयरपोर्ट, राजवंशी नगर, हार्डिंग रोड, कौशल नगर आदि क्षेत्रों में वायु प्रदूषण नियंत्रण पर किया जाएगा। श्रेणी-3 में 10 हजार से कम आबादी वाले वार्डों का मूल्यांकन किया गया। आबादी अधिक रहने से इसमें पटना का कोई वार्ड नहीं रहा। स्वच्छ वायु सर्वेक्षण में शहर का उत्कृष्ट प्रदर्शन स्वच्छ एवं हरित पटना की दिशा में किए जा रहे प्रयासों का परिणाम है।
पुरस्कार राशि का उपयोग संबंधित वार्डों में पर्यावरण सुधार एवं वायु प्रदूषण नियंत्रण से जुड़े कार्यों पर किया जाएगा। ताकि इसका सीधा लाभ नागरिकों को मिल सके। -सीता साहू, मेयर पटना नगर निगम ने वायु प्रदूषण नियंत्रण और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में ठोस एवं प्रभावी पहल की है। हमारा लक्ष्य केवल सर्वेक्षण में बेहतर प्रदर्शन करना नहीं, बल्कि पटना के नागरिकों को स्वच्छ, स्वस्थ और बेहतर वायु गुणवत्ता वाला शहर उपलब्ध कराना है।
-यशपाल मीणा, नगर आयुक्त
📡 स्रोत: NewsData.io