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,स्वच्छता दीदी का कम कर मणिकंचन केंद्र ने बदली 125 महिलाओं की जिंदगी

लेखक: Maroof Ahmed Khan अंतिम अपडेट: 26 सितंबर 2026 👁️ 1 बार पढ़ा गया
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
,स्वच्छता दीदी का कम कर मणिकंचन केंद्र ने बदली 125 महिलाओं की जिंदगी

कभी थी झिझक, आज अपने काम पर है गर्व,स्वच्छता दीदी का कम कर मणिकंचन केंद्र ने बदली 125 महिलाओं की जिंदगी

कहानी एक ऐसे बदलाव की है, जिसने न केवल स्वच्छता और कचरा प्रबंधन की सोच को बदला है बल्कि शैलेन्द्री,निर्मला,पूजा , अघनिया जैसी महिलाओं के जीवन में भी नई उम्मीद, आत्मविश्वास और सम्मान का भाव पैदा किया है।

बलौदाबाजार जिले के नगर पालिका परिषद भाटापारा में मणि-कंचन केंद्र में स्वच्छता दीदी के रूप में काम करने वाली महिलाओं को आज अपने काम पर गर्व है। वह कहती हैं कि शहर को स्वच्छ रखने में अपना योगदान देना उनके लिए सम्मान की बात है। शुरुआत में इस काम को लेकर उन्हें थोड़ी झिझक होती थी, लेकिन धीरे-धीरे जब उन्होंने कचरा प्रबंधन की पूरी प्रक्रिया को समझा, तो उनके मन में अपने काम के प्रति सम्मान और गर्व बढ़ता गया।

इन 125 महिलाओं के लिए अब यह महज रोज़गार नहीं, बल्कि शहर को स्वच्छ और बेहतर बनाने में अपनी भागीदारी निभाने का माध्यम है। उनका कहना है कि आज उन्हें अपने काम पर गर्व महसूस होता है और यही भावना उन्हें हर दिन पूरे समर्पण के साथ काम करने की प्रेरणा देती है। उक्त सम्बन्ध में नगर पालिका अध्यक्ष अश्वनी शर्मा व अभियंता विनोद यादव ने बताया कि नगर को स्वच्छ रखने 125 स्वच्छता दीदीया सुबह से ई रिक्शा लेकर डोर टू डोर कचरा कलेक्ट करती है ,जिन्हें नगर के अलग अलग स्थानों में बने 4 मणिकंचन केंद्र ले जाकर पृथक कर जैविक खाद का निर्माण किया जाता है साथ ही अजैविक कचरों को अलग करके कबाड़ में बिक्री कर अलग से लाभ अर्जित कर रही है।इस तरह स्वच्छता दीदी नगर को स्वच्छ व सुंदर बनाने में अपना योगदान तो दे ही रही है साथ ही अपने लिए एक रोजगार का माध्यम तलाश कर अपने आप को शशक्त व आर्थिक रूप से मजबूत हो रही है।बता दे भाटापारा के मणि-कंचन केंद्र में सॉलिड एवं लिक्विड वेस्ट मैनेजमेंट के तहत विभिन्न गतिविधियां संचालित की जाती हैं।

यहां जैविक कचरे से खाद तैयार की जाती है, जबकि अजैविक कचरे को अलग-अलग श्रेणियों में विभाजित कर उसके उचित निपटारे की प्रक्रिया अपनाई जाती है।

बाइट -शैलेन्द्री स्वच्छता दीदी बाइट - पूजा चौरसिया स्वच्छता दीदी

बाइट - अघनिया बाई स्वच्छता दीदी बाइट - निर्मला बाई स्वच्छता दीदी

बाइट - अश्वनी शर्मा अध्यक्ष नगर पालिका (काले टी शर्ट में)

बाइट - विनोद यादव ,अभियंता नगर पालिका(हरे कलर का शर्ट)

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Maroof Ahmed Khan

Maroof Ahmed Khan वॉयस ऑफ क्रांति के संस्थापक एवं प्रधान संपादक हैं। वे जनसरोकार, निष्पक्ष रिपोर्टिंग और जनता की आवाज़ को प्रमुखता देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।