स्वास्थ्य सेवाओं को सुलभ और किफायती बनाने के लिए केंद्र सरकार की कई पहल: राज्यपाल कविन्द्र गुप्ता
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देश में स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक सुलभ, किफायती और समावेशी बनाने के लिए केंद्र सरकार की ओर से कई महत्वपूर्ण पहल की गई हैं। स्वास्थ्य अधोसंरचना के विस्तार, स्वास्थ्य बीमा के दायरे को बढ़ाने, प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने और डिजिटल तकनीक के इस्तेमाल से स्वास्थ्य क्षेत्र में व्यापक बदलाव देखने को मिल रहे हैं।
यह बात राज्यपाल कविन्द्र गुप्ता ने आज जिला कांगड़ा के पालमपुर में नॉर्थ जोन ऑप्थैल्मोलॉजिकल सोसाइटी के 38वें वार्षिक सम्मेलन एवं हिमाचल प्रदेश ऑप्थैल्मोलॉजिकल सोसाइटी की वार्षिक बैठक को संबोधित करते हुए कही।राज्यपाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच और गुणवत्ता में सुधार के लिए अनेक योजनाएं शुरू की गई हैं।
आयुष्मान भारत, आयुष्मान आरोग्य मंदिर, प्रधानमंत्री भारतीय जनऔषधि परियोजना और आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन जैसी योजनाएं देश की स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने कहा कि 70 वर्ष और उससे अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों को आयुष्मान भारत योजना के तहत स्वास्थ्य कवरेज का लाभ देना भी एक महत्वपूर्ण कदम है।
इससे बुजुर्गों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करवाने के साथ उनके सम्मान और स्वास्थ्य सुरक्षा को भी मजबूती मिल रही है।
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य क्षेत्र में बदलाव का उद्देश्य केवल चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार करना नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक तक गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं की समान पहुंच सुनिश्चित करना है। इसका लाभ विशेष रूप से ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को मिल रहा है।राज्यपाल ने नेत्र स्वास्थ्य के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आंखों की रोशनी की रक्षा करना और रोकी जा सकने वाली अंधता की रोकथाम करना चिकित्सा जगत की व्यावसायिक जिम्मेदारी के साथ-साथ मानवता की बड़ी सेवा भी है।
उन्होंने सम्मेलन में भाग ले रहे नेत्र रोग विशेषज्ञों और स्वास्थ्य पेशेवरों से हिमाचल की भौगोलिक परिस्थितियों के अनुरूप व्यावहारिक रणनीतियां तैयार करने का आह्वान किया, ताकि प्रदेश के दुर्गम और दूरदराज क्षेत्रों में भी विशेषज्ञ नेत्र चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध करवाई जा सकें।
राज्यपाल ने नॉर्थ जोन ऑप्थैल्मोलॉजिकल सोसाइटी, हिमाचल प्रदेश ऑप्थैल्मोलॉजिकल सोसाइटी और पालमपुर रोटरी आई फाउंडेशन को सम्मेलन के आयोजन के लिए बधाई दी। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन चिकित्सा विज्ञान के क्षेत्र में नए शोध, वैज्ञानिक ज्ञान, अनुभव और आधुनिक उपचार पद्धतियों के आदान-प्रदान का महत्वपूर्ण मंच प्रदान करते हैं।इस अवसर पर राज्यपाल ने डॉ.
सुधीर सलहोत्रा को नॉर्थ जोन ऑप्थैल्मोलॉजिकल सोसाइटी के 38वें अध्यक्ष के रूप में पदस्थापित किया। वहीं, चिकित्सा क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए डॉ. सूरत सिंह को लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड से सम्मानित किया। इसके अतिरिक्त उन्होंने सोसाइटी की पत्रिका का विमोचन करने के साथ हिमाचल प्रदेश ऑप्थैल्मोलॉजिकल सोसाइटी की वेबसाइट का शुभारंभ भी किया।इससे पहले सोसाइटी के अध्यक्ष डॉ.
गौरव लूथरा और पालमपुर रोटरी आई फाउंडेशन के निदेशक डॉ. सुधीर मल्होत्रा ने राज्यपाल का स्वागत एवं सम्मान किया। डॉ. सुधीर सलहोत्रा ने अपने संबोधन में नॉर्थ जोन ऑप्थैल्मोलॉजिकल सोसाइटी की भूमिका और योगदान पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम में हिमाचल प्रदेश ऑप्थैल्मोलॉजिकल सोसाइटी के अध्यक्ष डॉ.
राम लाल शर्मा, पालमपुर रोटरी आई फाउंडेशन के अध्यक्ष के.जी. बुटेल, सोसाइटी के सदस्य और अन्य गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे।