TMC के सिंबल पर फैसला लेगा चुनाव आयोग:बंगाल उपचुनाव से पहले दोनों गुटों को बुलाया; 6 अक्टूबर को नंदीग्राम और रेजीनगर में वोटिंग
ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ेंJoin करें →
चुनाव आयोग गुरुवार को तृणमूल कांग्रेस के चुनाव चिह्न पर अंतरिम आदेश दे सकता है। दोनों गुटों ने एक ही चिह्न पर उम्मीदवार उतारे हैं। पश्चिम बंगाल की नंदीग्राम और रेजीनगर विधानसभा सीटों पर 6 अक्टूबर को उपचुनाव हैं। आयोग ने दोनों गुटों को गुरुवार की बैठक में मौजूद रहने को कहा है। चुनाव आयोग के अधिकारियों के मुताबिक, दोनों गुटों ने नंदीग्राम और रेजीनगर सीटों पर अपने-अपने उम्मीदवार उतारे हैं।
दोनों ने तृणमूल कांग्रेस के आधिकारिक चुनाव चिह्न ‘घास पर दो फूल’ का इस्तेमाल किया है। रीताब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले बागी TMC धड़े से मोहम्मद एतेशामुल हक नंदीग्राम और सफीउद्दीन शेख रेजीनगर से चुनाव लड़ेंगे। वहीं, पूर्व सीएम ममता बनर्जी की TMC ने रविवार को नंदीग्राम से संचिता प्रधान (डे) और रेजीनगर से रबीउल आलम चौधरी को उम्मीदवार घोषित किया गया था।
नंदीग्राम TMC और भाजपा, दोनों के लिए अहम सीट नंदीग्राम लंबे समय से TMC और भाजपा के बीच राजनीतिक संघर्ष का प्रमुख केंद्र रहा है। इस क्षेत्र में 2007 के भूमि अधिग्रहण विरोधी आंदोलन ने ममता बनर्जी और TMC को 2011 में सत्ता तक पहुंचाने में बड़ी भूमिका निभाई थी। 2021 में ममता ने यहीं से बंगाल के मौजूदा सीएम शुभेंदु अधिकारी के खिलाफ चुनाव लड़ा, लेकिन हार गईं।
अधिकारी BJP में शामिल होने के बाद TMC के सबसे बड़े प्रतिद्वंद्वी बन चुके हैं। 2026 के विधानसभा चुनाव में शुभेंदु अधिकारी ने नंदीग्राम के साथ भवानीपुर सीट से भी चुनाव लड़ा और दोनों जगह जीत दर्ज की। भवानीपुर में उन्होंने ममता बनर्जी को 15,105 वोटों से हराया। अधिकारी को 73,917 वोट मिले, जबकि ममता बनर्जी को 58,812 वोट मिले।
बाद में अधिकारी ने भवानीपुर सीट अपने पास रखी और नंदीग्राम से इस्तीफा दे दिया। इसके बाद नंदीग्राम सीट खाली हुई। TMC में संगठन और पार्टी के नाम पर संकट उपचुनाव ऐसे समय हो रहा है, जब विधानसभा चुनाव में सत्ता गंवाने के बाद TMC संगठनात्मक संकट से जूझ रही है। पार्टी के नाम और दो फूल-घास वाले चुनाव चिन्ह को लेकर ममता बनर्जी और ऋतब्रत बनर्जी के गुट आमने-सामने हैं।
दोनों गुटों ने पार्टी के नाम, चुनाव चिन्ह और फंड पर दावा किया है। चुनाव आयोग ने शनिवार को दोनों पक्षों से बातचीत की, लेकिन अभी फैसला नहीं हुआ है। ऋतब्रत गुट ने कहा है कि वह TMC के नाम और चिन्ह पर दावा जारी रखेगा। आयोग के फै
📡 स्रोत: Dainik Bhaskar
💡 पृष्ठभूमि (Background)
यह खबर तृणमूल कांग्रेस (TMC) के चुनाव चिह्न पर विवाद के बारे में है, जिसे चुनाव आयोग गुरुवार को अंतिम निर्णय दे सकता है। दोनों गुटों ने एक ही चिह्न पर उम्मीदवार उतारे हैं, जिससे मतदाता भ्रमित हो सकते हैं। यह विषय इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि चुनाव चिह्न पहचान का प्रमुख साधन है और उसका गलत इस्तेमाल चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित कर सकता है। यदि आयोग निर्णय लेता है, तो यह नंदीग्राम और रेजीनगर के मतदाताओं को स्पष्टता देगा और चुनावी धोखाधड़ी को रोकने में मदद करेगा। सामान्य जनता को सही उम्मीदवार की पहचा