त्योहारों से पहले महंगा हुआ चावल-दाल, रसोई का बजट बिगाड़ेंगी बढ़ती कीमतें
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त्योहारों का सीजन आते ही घरों में पकवान और मिठाइयां बनाने की तैयारी शुरू हो जाती है. लेकिन इस बार त्योहारों की खरीदारी के साथ रसोई का बजट भी बिगड़ सकता है.
चावल, दाल, रागी, गुड़ और दूसरे जरूरी अनाज की कीमतों में बढ़ोतरी देखने को मिल रही है.
ऐसे में दशहरा और दिवाली से पहले आम परिवारों को राशन खरीदने के लिए ज्यादा पैसे खर्च करने पड़ सकते हैं.
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, कर्नाटक में कमजोर मानसून और जलाशयों में पानी का स्तर घटने से अनाज की खेती प्रभावित हुई है. इसका असर बाजार में चावल और दूसरे खाद्य पदार्थों की कीमतों पर पड़ा है.
रिपोर्ट के अनुसार, पिछले तीन महीनों में चावल की कई किस्में 25 से 30 फीसदी तक महंगी हुई हैं.
वहीं, पिछले एक साल के मुकाबले किराना सामान की कीमतों में करीब 30 से 40 फीसदी तक बढ़ोतरी का दावा किया गया है.
चावल से रागी तक, कितने बढ़े दाम?
चावल भारतीय परिवारों की रोजमर्रा की जरूरत है. ऐसे में इसकी कीमत बढ़ने का असर सीधे हर महीने के घरेलू खर्च पर पड़ता है.
कर्नाटक के बाजारों में चावल की अलग-अलग किस्मों के दाम में तेजी आई है.
रिपोर्ट के मुताबिक, जो चावल पहले 50 से 60 रुपए प्रति किलो मिल रहा था, उसकी कीमत अब 70 से 90 रुपए प्रति किलो तक पहुंच गई है.
रागी की कीमत में भी बढ़ोतरी हुई है.
पिछले साल 35 से 40 रुपए प्रति किलो बिकने वाली रागी अब 55 से 60 रुपए प्रति किलो में मिल रही है.
वहीं, गुड़ के दाम भी करीब 50 रुपए प्रति किलो से बढ़कर 80 से 85 रुपए प्रति किलो तक पहुंच गए हैं.
बाजार में कितना का है चावल और दाल?
कर्नाटक के थोक बाजार में चावल और दाल की अलग-अलग किस्मों के भाव में अंतर देखने को मिल रहा है.
रिपोर्ट में दिए गए एपीएमसी बाजार के भाव इस प्रकार हैं-
अनाज का नाम
कीमत प्रति किलो
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📡 स्रोत: ABP Live Vyapar