US Navy का जंगी जहाज USS Abraham Lincoln पहुंचा Thailand, West Asia में बनाया तैनाती का सबसे बड़ा रिकॉर्ड
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अमेरिकी नेवी का एयरक्राफ्ट कैरियर USS अब्राहम लिंकन बुधवार को थाईलैंड पहुँचा। यह आठ महीने से ज़्यादा समय में उसका पहला पोर्ट कॉल था, जिससे वेस्ट एशिया में उसकी लंबी तैनाती खत्म हुई। इस तैनाती के दौरान क्रू की भलाई और मनोबल को लेकर चिंताएँ जताई जा रही थीं।
समुद्र में महीनों बिताने के बाद, 1,00,000 टन वज़न वाला यह कैरियर पटाया के पास लैम चाबांग पोर्ट पर रुका। लंबी तैनाती के कारण इसके बाहरी हिस्से (हल) पर जंग के निशान दिखाई दे रहे थे।
लिंकन पिछले साल नवंबर में सैन डिएगो से रवाना हुआ था और उम्मीद है कि इस साल के आखिर में दक्षिणी कैलिफ़ोर्निया लौट आएगा, जिससे US नेवी के इतिहास में सबसे लंबी तैनातियों में से एक पूरी हो जाएगी।
इसे भी पढ़ें: US Iran War Updates: UAE और कुवैत में US मिलिट्री ठिकानों पर भीषण हमला, पाकिस्तान का दोनों देशों संग बातचीत का दावा उस समय सैन डिएगो स्थित इस जहाज़ की जगह जापान स्थित USS जॉर्ज वॉशिंगटन ने ली, जो ऑपरेशनल ज़िम्मेदारियाँ संभालने के लिए इस इलाके में पहुँचा था।
इसके साथ ही एयरक्राफ्ट कैरियर और उसके लगभग 5,000 लोगों के क्रू का असाधारण रूप से लंबा असाइनमेंट खत्म हुआ।
CNN के अनुसार, डेमोक्रेटिक पार्टी के अमेरिकी सीनेटर रिचर्ड ब्लुमेंथल ने बताया कि ईरान के साथ युद्ध के दौरान कॉम्बैट और नाकेबंदी के ऑपरेशन करते हुए इस कैरियर ने समुद्र में लगातार कई दिनों तक रहने का आधुनिक दौर का रिकॉर्ड बनाया।
इसे भी पढ़ें: US Dollar के मुकाबले Rupee दो पैसे गिरकर 94.97 के स्तर पर बंद हुआ CNN की रिपोर्ट के मुताबिक, सप्लाई की कमी के बीच लंबे समय तक तैनाती से क्रू के मनोबल पर असर पड़ा और कम से कम एक बार आत्महत्या की कोशिश की घटना भी सामने आई। 21 नवंबर, 2025 को सैन डिएगो से रवाना होने के बाद, फरवरी में ईरान के साथ तनाव बढ़ने पर इस जहाज को पश्चिम एशिया की ओर भेज दिया गया।
एक मुख्य लॉन्चपैड के तौर पर काम करते हुए, इस कैरियर ने अमेरिकी सैन्य अभियानों के समर्थन में हजारों एयर सॉर्टी (हवाई उड़ानें) भरीं, जिससे इस पर तैनात कर्मियों का काम का बोझ काफी बढ़ गया।
📡 स्रोत: NewsData.io