व्यापार

विदेशी-निवेशकों की भारतीय शेयर बाजार में लगातार दूसरे महीने खरीदारी:अगस्त में FPIs ने बाजार में ₹23,544 करोड़ का निवेश किया; जानिए इसके 3 बड़े कारण

लेखक: JKS News Desk अंतिम अपडेट: 23 अगस्त 2026
प्रकाशक: वॉयस ऑफ क्रांति
विदेशी-निवेशकों की भारतीय शेयर बाजार में लगातार दूसरे महीने खरीदारी:अगस्त में FPIs ने बाजार में ₹23,544 करोड़ का निवेश किया; जानिए इसके 3 बड़े कारण

विदेश से आने वाले फंड्स में सुधार और घरेलू आर्थिक संकेतों की मजबूती के बीच फॉरेन पोर्टफोलियो इन्वेस्टर्स (FPIs) का भारतीय इक्विटी मार्केट पर भरोसा मजबूत हो रहा है। अगस्त 2026 में अब तक विदेशी निवेशकों ने भारतीय शेयर बाजार में ₹23,544 करोड़ का नेट इनफ्लो यानी निवेश किया है।

लगातार दूसरे महीने जारी है खरीदारी मार्केट डेटा के अनुसार, जुलाई 2026 में ₹20,200 करोड़ के निवेश के बाद अगस्त लगातार दूसरा महीना है, जब विदेशी निवेशकों ने भारतीय शेयरों में खरीदारी बढ़ाई है। इससे पहले मार्च से जून 2026 तक लगातार 4 महीनों में FPIs ने भारतीय बाजारों से भारी निकासी की थी।

निवेश लौटने के 3 बड़े कारण बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक, अगस्त में विदेशी पूंजी के भारतीय बाजार में आने के पीछे तीन मुख्य फैक्टर काम कर रहे हैं... ऑटो, हेल्थकेयर और कंज्यूमर सेक्टर्स पहली पसंद FPIs की हालिया खरीदारी का बड़ा हिस्सा केवल IPOs के बजाय सेकेंडरी मार्केट (लिस्टेड शेयर बाजार) की ओर जा रहा है।

सेक्टोरल रुझान की बात करें तो विदेशी निवेशक ऑटोमोबाइल, कंज्यूमर ड्यूरेबल्स और हेल्थकेयर जैसे बुनियादी मजबूत सेक्टर्स में अलॉटमेंट तेजी से बढ़ा रहे हैं। 2026 में कुल आंकड़े और आउटलुक जुलाई और अगस्त में पॉजिटिव ट्रेंड के बावजूद, वर्ष 2026 में अब तक विदेशी निवेशक कुल मिलाकर नेट सेलर बने हुए हैं।

चालू वर्ष में FPIs अब तक भारतीय इक्विटी से लगभग ₹2.3 लाख करोड़ से अधिक निकाल चुके हैं। हालांकि, अमेरिका में ब्याज दर घटने की उम्मीद और कच्चे तेल की घटती कीमतों से आगे विदेशी फंड्स का इनफ्लो बने रहने की संभावना है। क्या होता है फॉरेन पोर्टफोलियो इन्वेस्टमेंट (FPI)?

जब विदेशी संस्थागत या व्यक्तिगत निवेशक किसी देश के शेयर बाजार, म्यूचुअल फंड या डेट मार्केट में फाइनेंशियल रिटर्न के लिए पैसा लगाते हैं, तो उसे FPI कहते हैं। FPI निवेशकों के पास संबंधित कंपनियों का प्रत्यक्ष मैनेजमेंट या ऑपरेशनल कंट्रोल नहीं होता।

📡 स्रोत: NewsData.io

📰 पूरी खबर पढ़ें (NewsData.io पर जाएं)
J
JKS News Desk

वॉयस ऑफ क्रांति की संपादकीय टीम आपके लिए भोपाल, मध्यप्रदेश और देश की सटीक और विश्वसनीय समाचार प्रस्तुत करती है।