विश्वनाथ मंदिर में स्पर्श दर्शन-दलाली का विरोध करने पर मारपीट:युवक की आंख में गंभीर चोट लगी, चौक थाने में 5 के खिलाफ FIR
ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ेंJoin करें →वाराणसी में श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में स्पर्श दर्शन के नाम पर कथित दलाली का विरोध करना एक युवक को भारी पड़ गया। बड़ी पियरी निवासी दीपक सिंह ने आरोप लगाया कि विरोध करने से नाराज कुछ लोगों ने उसके साथ मारपीट की और जान से मारने की धमकी दी। मारपीट के दौरान उसकी एक आंख में गंभीर चोट लगने का भी दावा किया गया है।मामले में चौक थाना पुलिस ने पांच लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
अब जानिए क्या है मामला वाराणसी के बड़ी पियरी निवासी दीपक सिंह ने थाना चौक में तहरीर देकर मारपीट और धमकी देने का आरोप लगाया है। दीपक सिंह का आरोप है कि काशी विश्वनाथ मंदिर में सुबह करीब 4 बजे होने वाले स्पर्श दर्शन के नाम पर कुछ लोग दलाली करते हैं। इस संबंध में उन्होंने पहले भी पुलिस से शिकायत किए जाने की बात कही है।
शिकायत करने के बाद कुछ लोगों ने उन्हें धमकी दी थी। दीपक सिंह ने आरोप लगाया है कि आरोपियों में शामिल कमल तिवारी व्यापार मंडल का सदस्य है। कमल तिवारी समेत 5 लोगों पर FIR चौक थाना प्रभारी निरीक्षक विजय कुमार शुक्ला के अनुसार, मामले में कमल तिवारी, गुलाब शर्मा, अजय शर्मा उर्फ छोटू, तुषार शर्मा और उदय शर्मा के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
पुलिस के मुताबिक, आरोपियों पर मारपीट और धमकी देने के आरोप लगाए गए हैं। पुलिस ने कमल तिवारी को व्यापार मंडल का सदस्य बताए जाने की भी जानकारी दी है। मामले की जांच उपनिरीक्षक पुष्कर दुबे को सौंपी गई है। जांच अधिकारी घटना से जुड़े साक्ष्यों और उपलब्ध तथ्यों की पड़ताल कर रहे हैं। शिकायत में लगाए गए आरोपों की भी जांच की जा रही है।
पुलिस का कहना है कि जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
📡 स्रोत: NewsData.io
🎙️ वॉयस ऑफ क्रांति का मत
हिंसा का कोई समाधान नहीं है; जब असहमति हो तो संवाद और कानूनी मार्ग अपनाना चाहिए। यदि कोई असत्य दावे या दुविधा हो, तो पुलिस या न्यायालय से सहायता माँगें, न कि दंगों से। समाज की ताकत सहिष्णुता और समझ में है। पीड़ित की आँख की चोट हमें यह याद दिलाती है कि शांति और सहानुभूति ही सच्ची शक्ति है। आइए हम सभी मिलकर हिंसा रहित समाज की दिशा में कदम बढ़ाएँ।