Xप्लेन: घर के बाहर की 'पार्किंग जगह' आपकी क्यों नहीं है? जानिए कानून

दिल्ली में यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाने के लिए दिल्ली पुलिस आयुक्त अनुराग कुमार ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCT) के सभी ट्रैफिक सर्किलों को निर्देश दिया है कि वे अपने-अपने क्षेत्र में कम से कम एक मुख्य "समस्याग्रस्त क्षेत्र" (Problem Area) चिन्हित करें, जहां भारी जाम, अवैध पार्किंग या अतिक्रमण की समस्या बनी रहती है.
इस पहल का उद्देश्य सख्त प्रवर्तन (Enforcement), इंजीनियरिंग समाधान, जन-जागरूकता और विभिन्न नागरिक एजेंसियों के बीच समन्वय स्थापित करके शहर के प्रमुख मार्गों को जाम-मुक्त बनाना है. मुख्य उद्देश्य और प्राथमिकता वाले क्षेत्र
चोक पॉइंट्स की पहचान: प्रत्येक ट्रैफिक सर्कल को उन विशिष्ट खिंडों (stretches) को चिन्हित करना होगा जहां अनियंत्रित पार्किंग, स्ट्रीट वेंडर्स या अत्यधिक वाहनों के कारण बोलट नेक की स्थिति बनती है.
ज़ीरो-टॉलरेंस अभियान: ट्रैफिक कर्मियों को गंभीर उल्लंघनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का निर्देश दिया गया है. विशेष रूप से गलत दिशा में वाहन चलाना, बिना हेलमेट ड्राइविंग और ट्रिपल राइडिंग.
सड़कों पर विजिबिलिटी: आयुक्त ने फील्ड अधिकारियों की सड़कों पर उपस्थिति बढ़ाने, रियल-टाइम अपडेट के लिए सोशल मीडिया का उपयोग करने और आपसी संचार को बेहतर बनाने पर जोर दिया है.
हितधारकों के साथ संवाद: ई-रिक्शा चालकों, टैक्सी यूनियनों और वाणिज्यिक वाहन चालकों के साथ सेक्टर-वार बैठकें आयोजित की जा रही हैं ताकि वे स्वेच्छा से नियमों का पालन करें.<
📡 स्रोत: ABP Live