यहां रक्षाबंधन के दिन नहीं बांधते भाई को राखी, आल्हा-ऊदल से जुड़ी रोचक कहानी

Alha Udal Story: पूर्णिमा के दिन यहां राजा पृथ्वीराज चौहान और महोबा के शूरवीर आल्हा-ऊदल के बीच घमासान युद्ध चल रहा था, जिस कारण से विजय के बाद दूसरे दिन रक्षाबंधन का त्योहार मनाया गया. तभी से यहां यह परंपरा चली आ रही है.
📡 स्रोत: News18 Hindi MP